सऊदी अरब में कर्ज लेने और उसे चुकाने के नियमों में एक बहुत बड़ा बदलाव हुआ है। सऊदी काउंसिल ऑफ मिनिस्टर्स ने नए एनफोर्समेंट कानून को मंजूरी दे दी है, जिससे अब कर्जदारों को मिलने वाली राहत बढ़ गई है। अब सरकार का पूरा जोर इंसान को जेल भेजने के बजाय उसकी संपत्ति से पैसा वसूलने पर होगा। यह फैसला आम लोगों और परिवारों के बीच आपसी रिश्तों को बचाने के लिए लिया गया है।

किन लोगों को अब जेल नहीं होगी?

नए कानून के आर्टिकल 37 के मुताबिक, अगर कोई व्यक्ति अपने माता-पिता (अصول) या अपने बच्चों (فروع) का पैसा नहीं चुका पाता है, तो उसे जेल नहीं भेजा जाएगा। इसके अलावा कुछ और लोगों को भी जेल से छूट दी गई है, जो इस प्रकार हैं:

  • 18 साल से कम उम्र के लोग: नाबालिगों को जेल नहीं भेजा जाएगा।
  • बीमार व्यक्ति: जिन्हें मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर जेल में रखने की अनुमति नहीं है।
  • महिलाएं: गर्भवती महिलाएं या ऐसी माताएं जिनके बच्चे की उम्र दो साल से कम है।

नया नियम क्या कहता है और इसके फायदे क्या हैं?

सऊदी जस्टिस मिनिस्टर डॉ. वलीद बिन मोहम्मद अल-समाानी ने बताया कि इस नए कानून का मकसद हकदारों को उनका पैसा जल्दी दिलाना और न्यायिक प्रक्रिया को बेहतर बनाना है। इस सिस्टम की मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:

  • संपत्ति पर कार्रवाई: अब नियम यह है कि वसूली व्यक्ति के बजाय उसकी संपत्ति से की जाएगी।
  • जेल की समय सीमा: अगर किसी केस में जेल भेजना जरूरी होता है, तो वह 180 दिनों से ज्यादा नहीं होगी, हालांकि इसे बढ़ाया जा सकता है।
  • अलग व्यवस्था: कर्ज के मामले में जेल जाने वाले लोगों को अपराधी किस्म के कैदियों से अलग रखा जाएगा।

यह नियम सऊदी अरब में रहने वाले सभी लोगों और प्रवासियों के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे पारिवारिक विवादों में जेल जाने का डर कम होगा और वित्तीय अधिकारों की सुरक्षा होगी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी अरब के नए कानून के तहत किसे जेल से छूट मिली है?

नए कानून के मुताबिक, कर्जदार अगर पैसा मांगने वाले का माता-पिता या बच्चा है, तो उसे जेल नहीं होगा। साथ ही 18 साल से कम उम्र के लोग, गर्भवती महिलाएं और गंभीर बीमार व्यक्ति भी इससे बाहर हैं।

वित्तीय कर्ज के मामले में अधिकतम कितनी जेल हो सकती है?

जिन मामलों में जेल का प्रावधान है, वहां सजा 180 दिनों से अधिक नहीं होगी, लेकिन जरूरत पड़ने पर इसे बढ़ाया जा सकता है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.