सऊदी अरब में नौकरी करने वाले प्रवासियों के लिए बहुत बड़ी खबर है. सरकार अब रोजगार नियमों को और सख्त कर रही है ताकि कर्मचारियों के अधिकारों की बेहतर सुरक्षा हो सके. नए नियमों के तहत अब डिजिटल कॉन्ट्रैक्ट और वेतन भुगतान को लेकर कड़े कदम उठाए गए हैं. इससे खासकर वहां रह रहे भारतीय प्रवासियों को कंपनियों के साथ होने वाले विवादों से राहत मिलेगी.

सऊदी में नौकरी और कॉन्ट्रैक्ट के क्या हैं नए नियम?

मानव संसाधन और सामाजिक विकास मंत्रालय (MHRSD) ने अब सभी रोजगार अनुबंधों को डिजिटल बनाने पर जोर दिया है. अब केवल ऑनलाइन कॉन्ट्रैक्ट ही अदालतों में मान्य होंगे और कागजी या मौखिक समझौतों की कोई कीमत नहीं होगी. इसके मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:

  • Qiwa प्लेटफॉर्म: सभी कॉन्ट्रैक्ट को यहाँ रजिस्टर करना जरूरी है. 30 जून 2026 तक 90% अनुपालन का लक्ष्य रखा गया है.
  • फिक्स्ड टर्म कॉन्ट्रैक्ट: 6 मार्च 2026 से निश्चित अवधि वाले कॉन्ट्रैक्ट को और मजबूती दी गई है. अब वेतन से जुड़े विवादों के लिए सीधे Najiz प्लेटफॉर्म पर शिकायत की जा सकती है.
  • नौकरी छोड़ना: कर्मचारी अब 30 से 60 दिनों के नोटिस के बाद इस्तीफा दे सकते हैं और उन्हें नियोक्ता को कोई मुआवजा नहीं देना होगा.
  • इक़ामा नियम: 5 साल का मुकीम कार्ड मानक होगा, लेकिन इक़ामा पर लिखा पेशा और असल नौकरी एक जैसी होनी चाहिए.

सैलरी में देरी और पासपोर्ट जब्त करने पर कितनी होगी सजा?

मंत्रालय ने कर्मचारियों के शोषण को रोकने के लिए कड़े दंड का प्रावधान किया है. अब कंपनियों और कफील की मनमानी नहीं चलेगी. नियम इस प्रकार हैं:

  • पासपोर्ट जब्त करना: अगर कोई कंपनी या नियोक्ता कर्मचारी का पासपोर्ट अपने पास रखता है, तो प्रति कर्मचारी 3000 SAR का जुर्माना लगेगा.
  • वेतन में देरी: समय पर सैलरी न देने वाली कंपनियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई और जुर्माना लगाया जाएगा.
  • वेतन बीमा: एक नया बीमा सिस्टम लाया गया है. अगर कंपनी दिवालिया होती है, तो यह बीमा कर्मचारी की रुकी हुई सैलरी और घर वापसी के टिकट का खर्च कवर करेगा.

भर्ती एजेंसियों और ट्रेनिंग को लेकर क्या निर्देश दिए गए?

सरकार ने भर्ती एजेंसियों की मनमानी रोकने और स्थानीय लोगों को ट्रेनिंग देने के लिए नए आदेश जारी किए हैं:

  • एजेंसियों पर कार्रवाई: 2026 की पहली तिमाही में 14 भर्ती एजेंसियों पर एक्शन लिया गया. इनमें से 11 के लाइसेंस रद्द कर दिए गए क्योंकि उन्होंने ग्राहकों का पैसा वापस करने में देरी की थी.
  • अनिवार्य ट्रेनिंग: जिन कंपनियों में 50 से ज्यादा कर्मचारी हैं, उन्हें अपने वर्कफोर्स के कम से कम 2% सऊदी स्नातकों को 2 से 6 महीने की ट्रेनिंग देनी होगी.
  • प्रशिक्षण रिकॉर्ड: इन सभी ट्रेनिंग कॉन्ट्रैक्ट्स को Qiwa प्लेटफॉर्म पर दर्ज करना अनिवार्य होगा.

Frequently Asked Questions (FAQs)

अगर कंपनी मेरा पासपोर्ट जब्त कर ले तो क्या होगा?

सऊदी अरब के नए नियमों के मुताबिक, यदि कोई नियोक्ता कर्मचारी का पासपोर्ट जब्त करता है, तो उस पर प्रति कर्मचारी 3000 SAR का जुर्माना लगाया जाएगा।

क्या अब भी कागजी कॉन्ट्रैक्ट मान्य हैं?

नहीं, अब केवल डिजिटल कॉन्ट्रैक्ट ही मान्य होंगे. मौखिक या कागजी अनुबंधों की अदालतों में कोई वैल्यू नहीं होगी और उन्हें Qiwa प्लेटफॉर्म पर रजिस्टर करना जरूरी है।

सैलरी न मिलने पर कर्मचारी क्या कर सकता है?

कर्मचारी अब Najiz प्लेटफॉर्म के माध्यम से सीधे प्रवर्तन अनुरोध (Enforcement Request) दायर कर सकते हैं, जिससे वेतन वसूली की प्रक्रिया आसान हो जाएगी।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com