सऊदी अरब रेलवे (SAR) ने एक नई अंतरराष्ट्रीय मालगाड़ी सेवा शुरू की है जो देश के मुख्य बंदरगाहों को जॉर्डन की सीमा से जोड़ती है। यह नया रेलवे मार्ग दम्माम के किंग अब्दुलअजीज पोर्ट और जुबैल के बंदरगाहों को सीधे अल-हदीथा बॉर्डर तक ले जाता है। इस सेवा के शुरू होने से सऊदी अरब, जॉर्डन और उत्तर के देशों के बीच सामान भेजना अब पहले से बहुत आसान और सस्ता हो जाएगा। इसके साथ ही सऊदी सरकार ने वहां रह रहे प्रवासियों के लिए वीज़ा और नौकरी से जुड़े कई बड़े ऐलान भी किए हैं।

सऊदी से जॉर्डन के बीच नई रेल सेवा में क्या है खास?

  • यह नया रेलवे ट्रैक 1,700 किलोमीटर से ज्यादा लंबा है जो सऊदी के पूर्वी हिस्से को जॉर्डन बॉर्डर से जोड़ता है।
  • एक बार में यह ट्रेन 400 से ज्यादा कंटेनर ले जाने की क्षमता रखती है।
  • रेलवे के अधिकारियों के अनुसार, इससे सड़क मार्ग के मुकाबले सामान पहुंचने में आधा समय लगेगा।
  • सड़क से हजारों ट्रकों का बोझ कम होगा जिससे प्रदूषण में कमी आएगी और सड़कें सुरक्षित रहेंगी।
  • इस रास्ते से सामान भेजने पर खर्चा कम आएगा जिससे क्षेत्रीय व्यापार को बढ़ावा मिलेगा।

प्रवासियों के लिए वीज़ा और नौकरी से जुड़े नए नियम

सऊदी अरब में रह रहे करीब 1.5 करोड़ प्रवासियों के लिए सरकार ने कुछ नए नियमों की जानकारी दी है। इसमें वीज़ा की अवधि बढ़ाने से लेकर कुछ खास नौकरियों में केवल सऊदी नागरिकों को रखने के नियम शामिल हैं। नीचे दी गई टेबल में आप जरूरी बदलाव देख सकते हैं:

विषय नया नियम या अपडेट
वीज़ा विस्तार एक्सपायर हो चुके वीज़ा वाले लोग अब 18 अप्रैल 2026 तक रह सकते हैं।
सैलरी की सीमा सेल्स और मार्केटिंग में स्थानीय लोगों के लिए कम से कम 5,500 रियाल वेतन तय है।
प्रतिबंधित पद मैनेजर, सेल्स प्रतिनिधि और मार्केटिंग स्पेशलिस्ट जैसे 4 पदों पर अब विदेशी काम नहीं कर पाएंगे।
ग्रेस पीरियड कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने के बाद प्रवासियों को नई नौकरी ढूंढने के लिए 60 दिन का समय मिलेगा।
आश्रितों के लिए काम प्रवासियों के साथ रहने वाले उनके बच्चों या परिवार के सदस्यों को काम करने की इजाजत मिल सकती है।

मानवाधिकार और कानून के उल्लंघन पर सख्त चेतावनी

सऊदी मानवाधिकार आयोग ने जिनेवा में बताया कि सऊदी अरब में 60 से ज्यादा देशों के लोग रह रहे हैं और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए कानून बनाए गए हैं। हालांकि, नियमों को तोड़ने वालों के लिए सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। अगर कोई प्रवासी वीज़ा नियमों का उल्लंघन करता पकड़ा गया, तो उस पर 50,000 रियाल यानी करीब 11 लाख रुपये से ज्यादा का जुर्माना लग सकता है। इसके साथ ही उसे तुरंत देश से निकाल दिया जाएगा। जो कंपनियां अवैध कामगारों को पनाह देंगी, उन पर भी भारी जुर्माना लगाया जाएगा। विज़न 2030 के तहत अब मार्केटिंग और सेल्स की टीमों में 60 प्रतिशत सऊदी नागरिकों का होना अनिवार्य कर दिया गया है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.