सऊदी अरब में रहने वाले प्रवासियों के लिए सरकार ने कई बड़े बदलावों का ऐलान किया है। सऊदी क्राउन प्रिंस और प्रधानमंत्री Mohammed bin Salman ने जॉर्डन और कतर के नेताओं के साथ Jeddah में क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक स्थिरता पर अहम बैठक की है। इसके साथ ही, श्रम मंत्रालय और Jawazat ने नौकरियों के लिए नए नियम लागू किए हैं और पुराने वीज़ा प्रतिबंधों को हटा दिया है। इन फैसलों से सऊदी में काम कर रहे लाखों भारतीयों और अन्य विदेशी कामगारों के भविष्य पर सीधा असर पड़ेगा।

सऊदी में वीज़ा और काम करने के नियमों में क्या बड़े बदलाव हुए हैं?

  • एग्जिट-रीएंट्री वीज़ा बैन खत्म: 16 जनवरी 2026 को जारी आदेश के अनुसार, उन प्रवासियों पर लगा तीन साल का बैन हटा दिया गया है जो पुराने वीज़ा की एक्सपायरी से पहले वापस नहीं लौट पाए थे। अब वे नए वीज़ा पर सऊदी वापस आकर नई नौकरी कर सकते हैं।
  • नया लेबर लॉ: निजी क्षेत्र के प्रवासियों के लिए अब फिक्स्ड-टर्म कॉन्ट्रैक्ट जरूरी कर दिया गया है। अगर कॉन्ट्रैक्ट समय पर रिन्यू नहीं होता है, तो यह अपने आप ओपन-एंडेड कॉन्ट्रैक्ट में बदल जाएगा, जिससे नौकरी की सुरक्षा बढ़ेगी।
  • वर्क परमिट रिन्यूअल: नियोक्ताओं को परमिट खत्म होने से 60 दिन पहले रिन्यूअल की अर्जी देनी होगी। परमिट खत्म होने के बाद प्रवासियों को 90 दिनों का ग्रेस पीरियड मिलेगा ताकि वे नया परमिट ले सकें या दूसरी नौकरी ढूंढ सकें।
  • डिपेंडेंट की नौकरी: प्रवासियों के साथ रहने वाले उनके परिवार के सदस्यों (Dependents) के काम करने के लिए भी नए नियम बनाए गए हैं, जिसमें आर्थिक गतिविधियों और फीस का निर्धारण मंत्रालय करेगा।

किन पदों पर अब प्रवासियों को नहीं मिलेगी नौकरी और क्या हैं नए आंकड़े?

सऊदी विजन 2030 के तहत सरकार ने कुछ खास ऊंचे पदों को केवल अपने नागरिकों के लिए सुरक्षित कर दिया है। 29 जनवरी 2026 से General Manager, Marketing Specialist और Procurement Manager जैसे पदों पर प्रवासियों की भर्ती को लेकर कड़े नियम लागू किए गए हैं। मार्केटिंग और सेल्स क्षेत्र में काम करने वाली कंपनियों को अब अपने स्टाफ में कम से कम 60% सऊदी नागरिकों को रखना होगा।

खास जानकारी आंकड़े और विवरण
प्रवासी प्रेषण (Remittances) 2025 में 165.5 बिलियन रियाल (15% की बढ़ोतरी)
कुल आबादी में प्रवासी हिस्सा लगभग 44.4% (35.3 मिलियन में से 15.7 मिलियन)
सेल्स/मार्केटिंग न्यूनतम वेतन 5,500 रियाल (सऊदी नागरिकों के लिए अनिवार्य)
इंजीनियरिंग/तकनीकी न्यूनतम वेतन 8,000 रियाल (सऊदी नागरिकों के लिए अनिवार्य)

क्राउन प्रिंस की त्रिपक्षीय बैठक में क्षेत्रीय सुरक्षा पर भी गहरी चिंता जताई गई है। नेताओं ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री नेविगेशन और ऊर्जा आपूर्ति की सुरक्षा पर बढ़ते खतरों को लेकर चर्चा की और शांति बनाए रखने के लिए एकजुट होकर काम करने पर सहमति जताई है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com