सऊदी अरब ने देश में भ्रष्टाचार और अपराधों पर लगाम लगाने के लिए एक बहुत बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने एक नया कानून लागू किया है जिसके तहत गवाहों, पीड़ितों, विशेषज्ञों और शिकायत करने वाले लोगों को पूरी सुरक्षा दी जाएगी। यह नया नियम जून 2024 के आखिर से पूरे देश में लागू हो चुका है। इससे प्रवासियों और स्थानीय नागरिकों को बिना किसी डर के गलत कामों की जानकारी पुलिस और अदालतों को देने में मदद मिलेगी।

📰: Dubai के आर्थिक मॉडल का दीवाना हुआ यह देश, खुद प्रधानमंत्री ने तारीफ कर व्यापार बढ़ाने के लिए की बड़ी बैठक.

सऊदी के इस नए कानून में शिकायत करने वालों को क्या-क्या सुरक्षा मिलेगी?

इस कानून के तहत सुरक्षा के लिए कई अहम कदम उठाए गए हैं ताकि शिकायत करने वाले को कोई नुकसान न पहुंचा सके। इसके प्रमुख बिंदु नीचे दिए गए हैं:

  • पहचान छिपाना: अदालत की कार्यवाही और फैसलों में गवाहों की असली पहचान को पूरी तरह गुप्त रखा जा सकता है।
  • नया ठिकाना और सुरक्षा गार्ड: खतरे की स्थिति में पीड़ित या गवाह को सुरक्षित स्थान पर भेजा जा सकता है, उन्हें सुरक्षा गार्ड दिए जा सकते हैं और उनके रहने का नया पता भी दिया जा सकता है।
  • अस्थाई पहचान पत्र: जरूरत पड़ने पर सुरक्षा के लिए अस्थाई पहचान पत्र और जरूरी दस्तावेज भी जारी किए जा सकते हैं।
  • सरकारी निगरानी: खतरे की आशंका होने पर शिकायतकर्ता के घर और आसपास विशेष निगरानी वाले कैमरे या उपकरण लगाए जा सकते हैं।
  • पब्लिक प्रॉसिक्यूटर का अधिकार: अगर किसी की जान को तुरंत खतरा है, तो पब्लिक प्रॉसिक्यूटर बिना उसकी मर्जी के भी उसे 30 दिनों तक की सुरक्षा दे सकते हैं, जिसे आगे बढ़ाया जा सकता है।

गलत या झूठी शिकायत करने पर क्या कार्रवाई होगी?

इस कानून में जहां ईमानदारी से शिकायत करने वालों को सुरक्षा दी गई है, वहीं झूठी शिकायत करने वालों के लिए सख्त नियम भी बनाए गए हैं। इस कानून का लाभ केवल उन्हीं लोगों को मिलेगा जो पूरी सच्चाई और अच्छे इरादे के साथ शिकायत दर्ज कराएंगे।

अगर कोई व्यक्ति किसी से बदला लेने के लिए या दुर्भावना से झूठी शिकायत दर्ज कराता है, तो उसे इस कानून के तहत कोई सुरक्षा नहीं मिलेगी। ऐसे लोगों के खिलाफ उल्टा कानूनी कार्रवाई की जाएगी और उन्हें सजा भी मिल सकती है। इसके साथ ही गवाहों या शिकायतकर्ताओं को डराने-धमकाने, ब्लैकमेल करने या उन पर दबाव बनाने वाले लोगों को भारी जुर्माने और जेल की सजा का सामना करना पड़ेगा। जो कंपनियां अपने फायदे के लिए अपने कर्मचारियों से ऐसे अपराध करवाएंगी, उन पर भी भारी जुर्माना लगाया जाएगा और उन्हें सरकारी ठेके लेने से रोक दिया जाएगा।

इस सुरक्षा कार्यक्रम को कौन संभालेगा?

इस पूरे सुरक्षा कार्यक्रम को चलाने के लिए सऊदी अरब के प्रॉसिक्यूटर-जनरल ऑफिस के तहत एक खास केंद्र (Centre for Protection of Reporting Persons, Witnesses, Experts and Victims) बनाया गया है। यह पूरा ढांचा सऊदी अरब के पब्लिक प्रॉसिक्यूटर की देखरेख में काम करेगा। इस काम को बेहतर ढंग से चलाने के लिए एक कमेटी बनाई गई है जिसमें पब्लिक प्रॉसिक्यूशन, गृह मंत्रालय (Ministry of Interior), स्टेट सुरक्षा प्रेसीडेंसी और भ्रष्टाचार निरोधक प्राधिकरण (Nazaha) के अधिकारी शामिल हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी अरब का यह नया सुरक्षा कानून कब से लागू हुआ है?

यह कानून सऊदी अरब की सरकार द्वारा फरवरी 2024 में मंजूर किया गया था और इसे 28 जून 2024 से आधिकारिक तौर पर पूरे देश में लागू कर दिया गया है।

क्या कोई भी व्यक्ति इस कानून के तहत सुरक्षा के लिए आवेदन कर सकता है?

हां, कोई भी व्यक्ति जो किसी अपराध या भ्रष्टाचार के मामले में गवाह, पीड़ित या एक्सपर्ट है, वह अदालतों, जांच एजेंसियों या सीधे सुरक्षा कार्यक्रम के प्रशासन से सुरक्षा की मांग कर सकता है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.