सऊदी अरब में रहने वाले लोग और मकान मालिक अब सावधान हो जाएं। सऊदी मिनिस्ट्री ऑफ म्युनिसिपैलिटीज एंड हाउसिंग (MOMAH) ने रिहायशी घरों को छोटे हिस्सों में बांटने के लिए एक नई मॉनिटरिंग गाइड लागू की है। अब बिना सरकारी इजाजत के घर के कमरों या हिस्सों को अलग करके किराये पर देना भारी पड़ सकता है।

सरकार ने यह नियम इसलिए बनाया है ताकि रिहायशी इमारतों का बंटवारा तय मानकों के हिसाब से हो। अब मकान मालिकों को किसी भी तरह के बदलाव के लिए लाइसेंस लेना होगा। अगर कोई बिना लाइसेंस के घर को बांटकर निवेश या किराये के लिए इस्तेमाल करता है, तो उसे भारी जुर्माना भरना होगा। इस नियम का असर उन प्रवासियों पर भी पड़ेगा जो छोटे कमरों में किराये पर रहते हैं, क्योंकि अब मकान मालिकों के लिए नियमों का पालन करना अनिवार्य होगा।

जुर्माना और कार्रवाई की जानकारी

नियमों का उल्लंघन करने वालों के लिए सरकार ने सख्त आर्थिक दंड तय किया है। जुर्माने की राशि इस बात पर निर्भर करेगी कि कितनी यूनिट्स को बिना इजाजत बांटा गया है।

उल्लंघन का प्रकार जुर्माना राशि
प्रति अनाधिकृत यूनिट जुर्माना 5,000 से 25,000 सऊदी रियाल
अधिकतम कुल जुर्माना 200,000 सऊदी रियाल तक

अगर किसी मकान में नियमों के खिलाफ बदलाव पाया जाता है, तो मालिक को उसे ठीक करने के लिए 60 दिन का समय दिया जाएगा। अगर बदलाव को हटाना मुमकिन नहीं होगा, तो निर्माण लागत का आधा हिस्सा जुर्माने के तौर पर देना होगा।

इन गलतियों पर होगी कार्रवाई

मंत्रालय ने बताया है कि अक्सर लोग बिना अनुमति के घर में ये बदलाव करते हैं, जिन्हें अब गैरकानूनी माना जाएगा:

  • रिहायशी यूनिट्स को छोटे-छोटे हिस्सों में फिर से बांटना।
  • घर के अंदर नए दरवाजे लगाना।
  • बिना लाइसेंस के बाहर निकलने के रास्तों (Exits) में बदलाव करना।

सरकार का मानना है कि ऐसे बदलावों से पब्लिक सेफ्टी को खतरा होता है और इससे शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर और नगर पालिका सेवाओं पर बुरा असर पड़ता है।

शिकायत और आवेदन की प्रक्रिया

सऊदी सरकार ने निगरानी के लिए ‘Baladi’ ऐप और क्षेत्रीय नगर पालिकाओं को जिम्मेदारी सौंपी है। अगर किसी को कहीं नियमों का उल्लंघन दिखता है, तो वह ‘Baladi’ ऐप के जरिए या 940 नंबर पर कॉल करके इसकी जानकारी दे सकता है।

मकान मालिकों और डेवलपर्स के लिए ‘Real Estate Units Subdivision Service’ की सुविधा भी उपलब्ध है। इसके जरिए वे मान्यता प्राप्त कंसल्टिंग ऑफिस की मदद से अपनी बिल्डिंग को कानूनी तौर पर यूनिट्स में बांट सकते हैं और सॉर्टिंग रिकॉर्ड प्राप्त कर सकते हैं। इसी दिशा में Real Estate General Authority (REGA) ने भी पारदर्शिता बढ़ाने के लिए नए ड्राफ्ट कानून पर काम शुरू किया है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.