सऊदी अरब ने ईरान के हमलों के बाद अपने तेल और गैस प्लांट को फिर से चालू कर दिया है। जेद्दा में हुई एक बड़ी बैठक में क्राउन प्रिंस Mohammed bin Salman ने साफ किया कि अब दुनिया भर में ऊर्जा की सप्लाई में कोई रुकावट नहीं आएगी। सरकार ने उन तकनीकी टीमों की तारीफ की जिन्होंने बहुत कम समय में सब कुछ ठीक कर दिया। इससे पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

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सऊदी अरब ने ऊर्जा सप्लाई को लेकर क्या जानकारी दी?

सऊदी अरब के मीडिया मंत्री Salman Al-Dossary ने बताया कि देश के ऊर्जा क्षेत्र में संकट को संभालने की क्षमता बहुत अच्छी है। उन्होंने कहा कि घरेलू और वैश्विक बाजारों में तेल की सप्लाई लगातार जारी रहेगी। काउंसिल ऑफ मिनिस्टर्स ने मंगलवार, 14 अप्रैल 2026 को जेद्दा में यह फैसला लिया। सरकार ने देश की रक्षा करने के लिए सऊदी सशस्त्र बलों के काम की भी सराहना की।

कौन से ऊर्जा प्लांट हमले की चपेट में आए थे?

ईरान के हमलों की वजह से सऊदी अरब के कई बड़े रिफाइनरी और पाइपलाइन प्रभावित हुए थे। 12 अप्रैल तक ज्यादातर प्लांट ठीक हो गए थे और East-West पाइपलाइन अपनी पूरी क्षमता के करीब पहुंच गई थी। प्रभावित जगहों की लिस्ट नीचे दी गई है:

प्रभावित प्लांट/सुविधा जगह
SATORP Jubail
Ras Tanura
SAMREF Yanbu
Riyadh Refinery Riyadh
Manifa और Khurais Production Plant
East-West Pipeline
Processing Facilities Al Ju’aymah

ईरान और इराक के हमलों पर क्या प्रतिक्रिया आई?

सऊदी कैबिनेट ने उन हमलों की कड़ी निंदा की जो इराक की जमीन से ड्रोन के जरिए सऊदी और GCC देशों पर किए गए थे। सरकार ने साफ शब्दों में कहा कि वह अपनी संप्रभुता के साथ किसी भी तरह के खिलवाड़ को बर्दाश्त नहीं करेगी। सऊदी अरब ने इराकी सरकार से मांग की है कि वह इस खतरे को गंभीरता से ले और इसे रोकने के लिए सख्त कदम उठाए।