सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष को खत्म करने के लिए नई कोशिशें शुरू की हैं। गुरुवार 2 अप्रैल 2026 को दोनों नेताओं के बीच फोन पर विस्तार से बातचीत हुई। इस दौरान उन्होंने हिंसा को तुरंत रोकने और राजनीतिक स्तर पर कूटनीतिक प्रयास तेज करने पर जोर दिया है ताकि क्षेत्र में लंबे समय के लिए शांति बहाल की जा सके।

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इस बातचीत में किन मुख्य बातों पर हुई चर्चा?

  • सऊदी क्राउन प्रिंस और पुतिन ने आपसी बातचीत में कहा कि मौजूदा हालात को सुधारने के लिए राजनीतिक समाधान बहुत जरूरी है।
  • क्रेमलिन की ओर से जारी बयान के अनुसार रूस ने सऊदी अरब की सुरक्षा और उसकी संप्रभुता को बनाए रखने के लिए अपने समर्थन का भरोसा दिलाया है।
  • रूस ने क्षेत्र में शांति स्थापित करने के लिए मध्यस्थता करने और बातचीत में अपना योगदान देने की इच्छा जताई है।
  • सऊदी विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने भी रूस, चीन और जापान के विदेश मंत्रियों के साथ इसी सिलसिले में संपर्क किया है।

ग्लोबल मार्केट और सप्लाई चैन पर इसका क्या असर होगा?

मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव की वजह से दुनिया भर में खाने-पीने के सामान और दवाइयों की डिलीवरी पर बुरा असर पड़ रहा है। खासतौर पर स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज जैसे अहम समुद्री रास्तों में रुकावट आने से शिपिंग प्रभावित हो रही है। सऊदी अरब और रूस ने इस संकट के बीच ग्लोबल एनर्जी मार्केट को स्थिर रखने के लिए OPEC+ के ढांचे के तहत आपसी तालमेल बनाए रखने की बात दोहराई है। यह कूटनीतिक हलचल ऐसे समय में हो रही है जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शांति के लिए पाकिस्तान द्वारा की गई कोशिशें भी चर्चा में रही हैं।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com