सऊदी अरब की सड़कों पर अब बिना ड्राइवर वाली कारें दौड़ेंगी और इसके लिए सरकार ने नए नियम बना दिए हैं। गृह मंत्रालय ने साफ कर दिया है कि ये कारें अब खुद फैसले ले सकेंगी और बिना किसी इंसान के चल सकेंगी। सबसे बड़ा सवाल यह था कि अगर ऐसी कार से कोई हादसा होता है तो सजा किसे मिलेगी, जिसका जवाब अब सरकार ने दे दिया है।

बिना ड्राइवर वाली कारों के लिए क्या हैं नए नियम

Ministry of Interior और General Directorate of Traffic (Al-Murur) ने ट्रैफिक कानून के नियमों में बदलाव किया है। 12 जून 2026 को घोषित इन नियमों के मुताबिक, अब सेल्फ-ड्राइविंग गाड़ियां बिना किसी इंसान के सड़क पर चल सकेंगी। सरकार का कहना है कि इससे सड़क सुरक्षा बढ़ेगी और लोगों की जान-माल की सुरक्षा होगी। इन गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन भी सरकारी नियमों के तहत किया जा सकेगा।

हादसे और चालान की जिम्मेदारी किसकी होगी

सऊदी सरकार ने साफ किया है कि दुर्घटना या ट्रैफिक नियम टूटने पर जिम्मेदारी कैसे तय होगी। इसके लिए दो बातें कही गई हैं:

  • अगर गाड़ी चलाते समय इंसान ने दखल दिया था, तो कानूनन ड्राइवर जिम्मेदार होगा।
  • अगर गाड़ी पूरी तरह अपने आप (Autonomous mode) चल रही थी और उसमें कोई इंसान दखल नहीं दे रहा था, तो हादसे या चालान की पूरी जिम्मेदारी गाड़ी के मालिक की होगी।

इसके अलावा, बिना ड्राइवर वाली गाड़ियों पर ड्राइविंग अथॉरिटी सौंपने वाले पुराने नियम लागू नहीं होंगे।

इन संस्थाओं और कंपनियों की होगी भूमिका

इस पूरे सिस्टम को चलाने के लिए कई सरकारी विभाग मिलकर काम कर रहे हैं। इसमें SASO और General Authority for Roads (RGA) ने तकनीकी नियम बनाए हैं। वहीं Transport General Authority (TGA) ने इसके ट्रायल लिए हैं। बाजार में WeRide, Uber और Ai Driver जैसी कंपनियां पहले से ही इस पर काम कर रही हैं। WeRide को जुलाई 2025 में ही देशव्यापी परमिट मिल चुका है और अक्टूबर 2025 तक रियाद में Uber के साथ मिलकर रोबोटैक्सी सर्विस शुरू करने की तैयारी थी।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.