दोहा इंटरनेशनल बुक फेयर 2026 में सऊदी अरब ने अपनी एक खास पहचान बनाई है। यहाँ ‘दराह’ (King Abdulaziz Foundation) सऊदी अरब के गौरवशाली इतिहास और उपलब्धियों को दुनिया के सामने रख रहा है। इस इवेंट का मुख्य मकसद सऊदी की सांस्कृतिक और बौद्धिक पहचान को बढ़ावा देना है।
दोहा बुक फेयर में सऊदी इतिहास की झलक क्यों दिख रही है?
सऊदी प्रेस एजेंसी (SPAENG) ने जानकारी दी है कि दराह (The King Abdulaziz Foundation for Research and Archives) इस मेले में सऊदी अरब के इतिहास को प्रदर्शित कर रहा है। दराह का मुख्य काम सऊदी अरब के इतिहास को सहेजना और उसे डॉक्यूमेंट करना है ताकि देश की राष्ट्रीय उपलब्धियों को पूरी दुनिया के सामने लाया जा सके।
सऊदी पवेलियन और लिटरेचर कमीशन का क्या रोल है?
सऊदी अरब के लिटरेचर, पब्लिशिंग और ट्रांसलेशन कमीशन ने 14 मई 2026 को इस पवेलियन का उद्घाटन किया था। कमीशन के सीईओ डॉ. अब्दुल्लातीफ़ अलवासेल ने बताया कि इस भागीदारी का मकसद सऊदी के साहित्यिक और बौद्धिक कार्यों को प्रमोट करना है। इसके जरिए सऊदी अरब में साहित्य, प्रकाशन और अनुवाद के क्षेत्र में जो तरक्की हुई है, उसे दुनिया को दिखाया जा रहा है।
दोहा इंटरनेशनल बुक फेयर 2026 की खास बातें
- यह इस मेले का 35वां संस्करण है।
- यह इवेंट 14 मई से 23 मई 2026 तक आयोजित किया जा रहा है।
- आयोजकों ने इसे अब तक का सबसे बड़ा बुक फेयर बताया है।
- इसका आयोजन कतर के संस्कृति मंत्रालय (Ministry of Culture) द्वारा किया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी अरब का पवेलियन दोहा बुक फेयर में कब खुला?
सऊदी अरब के पवेलियन का उद्घाटन 14 मई 2026 को लिटरेचर, पब्लिशिंग और ट्रांसलेशन कमीशन द्वारा किया गया था।
दराह (Darah) संस्था का इस मेले में क्या उद्देश्य है?
दराह का उद्देश्य सऊदी अरब के इतिहास को प्रदर्शित करना, उसे सहेजना और देश की राष्ट्रीय उपलब्धियों को दुनिया के सामने लाना है।
