सऊदी अरब ने 31 जुलाई 2026 को गाजा में शांति लाने के लिए एक ऐतिहासिक समझौते का स्वागत किया है। सऊदी विदेश मंत्रालय ने इस शांति योजना के लिए मिस्र, कतर, तुर्की और अमेरिका की मध्यस्थता की सराहना की है। यह पूरी योजना UN Security Council Resolution 2803 के तहत तैयार की गई है, जिसका सऊदी अरब ने पूर्ण समर्थन व्यक्त किया है।
समझौते की मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने इस समझौते को एक बड़ी उपलब्धि बताया है। समझौते के तहत गाजा से हमास और अन्य सशस्त्र समूहों को पूरी तरह से हथियार मुक्त किया जाएगा। इसके साथ ही इजरायली सेना गाजा से चरणों में बाहर निकलेगी, जिसमें लगभग 200 से 350 दिन का समय लगने का अनुमान है। इस दौरान किसी भी तरह के हथियार का स्थानांतरण इजरायल या अन्य किसी गैर-फिलिस्तीनी पक्ष को करना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
प्रशासनिक बदलाव और सुरक्षा व्यवस्था
हमास और अन्य फिलिस्तीनी गुटों ने अपनी सुरक्षा और प्रशासनिक जिम्मेदारी एक राष्ट्रीय समिति को सौंपने पर सहमति जताई है। यह प्रक्रिया 14 दिनों के भीतर पूरी की जाएगी। गाजा पीस काउंसिल के चेयरमैन Nickolay Mladenov ने कहा कि इजरायली सेना की वापसी और हथियारों को हटाने का काम साथ-साथ चलेगा। सुरक्षा बनाए रखने के लिए अमेरिका के नेतृत्व में एक International Stabilization Force (ISF) तैनात की जाएगी, जो फिलिस्तीनी पुलिस की मदद करेगी और बफर के रूप में काम करेगी। साथ ही, समाज में शांति और स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए एक Social Peace Agreement भी लागू किया जाएगा।
