सऊदी अरब के सुप्रीम कोर्ट ने देश भर के मुसलमानों से ज़ुल-हिज्जा महीने के चांद को देखने की अपील की है। यह ऐलान रविवार, 17 मई 2026 की शाम के लिए किया गया है। चांद दिखने के बाद ही हज और बकरीद की तारीखें तय होंगी, जिससे सऊदी अरब में रहने वाले भारतीय प्रवासियों और स्थानीय लोगों की छुट्टियों का प्लान तय होगा।

चांद देखने की तारीख और समय क्या है?

सऊदी सुप्रीम कोर्ट ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि रविवार, 17 मई 2026 की शाम को ज़ुल-हिज्जा के चांद की तलाश की जाएगी। कोर्ट के फैसले के मुताबिक यह तारीख 29 ज़ुल-क़ादा 1447 हिजरी होगी, जबकि उम्म अल-कुरा कैलेंडर के हिसाब से यह 30 ज़ुल-क़ादा का दिन होगा। यह पूरी प्रक्रिया सुप्रीम कोर्ट के फैसले नंबर 206/ह, जो 29/10/1447ह को जारी हुआ था, के आधार पर की जाएगी।

चांद देखने और उसकी जानकारी देने का क्या तरीका है?

कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि अगर कोई व्यक्ति नंगी आंखों से या दूरबीन के जरिए चांद देख लेता है, तो वह तुरंत नजदीकी कोर्ट में जाकर अपनी गवाही दर्ज कराए। अगर किसी को कोर्ट पहुंचने में दिक्कत हो, तो वे मदद के लिए नजदीकी सहायता केंद्रों से संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा, सुप्रीम कोर्ट ने उन लोगों को भी प्रोत्साहित किया है जो चांद देखने की क्षमता रखते हैं कि वे अलग-अलग क्षेत्रों में बनी विशेष कमेटियों के साथ जुड़ें।

बकरीद और अरफात के दिन कब पड़ सकते हैं?

खगोलीय गणनाओं के अनुसार, 16 मई 2026 को चांद दिखना मुश्किल है। अगर ऐसा होता है, तो ज़ुल-क़ादा का महीना 30 दिन का होगा और ज़ुल-हिज्जा का महीना सोमवार, 18 मई 2026 से शुरू होगा। इस हिसाब से अरफात का दिन मंगलवार, 26 मई 2026 को और ईद अल-अधा (बकरीद) बुधवार, 27 मई 2026 को पड़ सकती है। हालांकि, अंतिम तारीखों का फैसला चांद दिखने की आधिकारिक पुष्टि के बाद ही होगा।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ज़ुल-हिज्जा का चांद कब देखा जाएगा?

सऊदी सुप्रीम कोर्ट के मुताबिक, रविवार 17 मई 2026 की शाम को पूरे किंगडम में ज़ुल-हिज्जा के चांद की तलाश की जाएगी।

चांद दिखने की खबर कहां देनी होगी?

जो भी व्यक्ति चांद देखेगा, वह नजदीकी कोर्ट में जाकर अपनी गवाही दर्ज करा सकता है या मदद के लिए सरकारी सहायता केंद्रों से संपर्क कर सकता है।

बकरीद की संभावित तारीख क्या है?

खगोलीय गणना के अनुसार बकरीद 27 मई 2026 को हो सकती है, लेकिन यह पूरी तरह से चांद दिखने की आधिकारिक घोषणा पर निर्भर करेगा।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.