Saudi Arabia और Switzerland के बीच हुआ बड़ा समझौता, निवेश को मिलेगी सुरक्षा और बढ़ावा, निवेशकों के लिए खुले रास्ते
सऊदी अरब और स्विट्जरलैंड ने आपसी निवेश को बढ़ाने और उसकी सुरक्षा के लिए एक अहम समझौते पर दस्तखत किए हैं. यह समझौता 23 अप्रैल 2026 को हुआ, जब स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति Guy Parmelin सऊदी अरब के दौरे पर थे. दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों के 70 साल पूरे होने के मौके पर यह बड़ा कदम उठाया गया है.
इस समझौते से निवेशकों को क्या फायदा होगा?
इस समझौते का मुख्य मकसद निवेश के माहौल को स्थिर बनाना और निवेशकों के अधिकारों की रक्षा करना है. अब दोनों देशों की कंपनियां बिना किसी डर के एक-दूसरे के देश में पैसा लगा सकेंगी. इसमें राजनीतिक जोखिमों से सुरक्षा दी गई है ताकि किसी भी भेदभाव वाले कदम या गैरकानूनी तरीके से संपत्ति छीनने जैसी समस्याओं से बचा जा सके. साथ ही, निवेश से होने वाली कमाई को आसानी से ट्रांसफर करने की सुविधा भी मिलेगी. विवाद होने पर इसे अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता न्यायाधिकरण (International Arbitration Tribunal) में ले जाने का रास्ता भी रखा गया है.
सऊदी-स्विस राउंडटेबल में किन बातों पर हुई चर्चा?
जेद्दा में आयोजित Saudi-Swiss Roundtable on Investment के दौरान दोनों देशों ने मिलकर काम करने के नए तरीकों पर बात की. इस चर्चा में मुख्य रूप से इन बातों पर ध्यान दिया गया:
- संयुक्त निवेश के नए मौकों की पहचान करना.
- आर्थिक सहयोग को और मजबूत बनाने के रास्ते खोजना.
- प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में पार्टनरशिप करना ताकि आर्थिक विकास को रफ्तार मिले.
इस डील में किन बड़े अधिकारियों ने हिस्सा लिया?
इस समझौते पर सऊदी निवेश मंत्री Fahad bin Abduljalil Al-Saif और स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति Guy Parmelin ने हस्ताक्षर किए. क्राउन प्रिंस Mohammed bin Salman ने भी राष्ट्रपति Parmelin के साथ द्विपक्षीय बातचीत की. इस पूरी प्रक्रिया में सऊदी विदेश मंत्री Prince Faisal bin Farhan और स्विट्जरलैंड की राज्य मंत्री Helene Artida ने भी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.