सऊदी अरब की Digital Government Authority (DGA) और संयुक्त राष्ट्र (UN) ने रियाद में एक डिजिटल गवर्नमेंट सेंटर बनाने की तैयारी की है। इस कदम से सरकारी कामकाज को और आसान और डिजिटल बनाया जाएगा। दोनों संस्थाएं मिलकर नई तकनीक और डिजिटल गवर्नेंस पर काम करेंगी ताकि सरकारी सेवाएं आम लोगों तक तेजी से पहुंच सकें।
क्या होगा इस सेंटर का मुख्य काम?
इस सेंटर के जरिए सरकारी सेवाओं को बेहतर बनाने और नई डिजिटल तकनीकों को अपनाने पर जोर दिया जाएगा। Saudi Press Agency (SPA) के मुताबिक, यह सेंटर डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन की रफ्तार को बढ़ाएगा। इसमें AI और नए सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल से सरकारी कामों को सरल बनाया जाएगा। इसका मकसद डिजिटल स्टैंडर्ड्स को बेहतर करना और ज्ञान का आदान-प्रदान करना है।
सऊदी अरब और UN के बीच अन्य समझौते
सऊदी अरब और UN के बीच सहयोग काफी समय से चल रहा है। दिसंबर 2025 में UN महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने रियाद में DGA के इनोवेशन हब का दौरा किया था। इसके अलावा, 28 सितंबर से 1 अक्टूबर 2026 के बीच रियाद में ICEGOV कॉन्फ्रेंस का आयोजन होगा। यह इवेंट UN यूनिवर्सिटी और प्रिंस सुल्तान यूनिवर्सिटी के सहयोग से आयोजित किया जाएगा, जिसमें डिजिटल गवर्नेंस और भरोसेमंद सेवाओं पर चर्चा होगी।
2026 को AI का साल घोषित किया गया
सऊदी सरकार ने साल 2026 को ‘आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस’ (AI) का साल माना है। इसका मकसद सरकारी सेवाओं में आधुनिक तकनीक को जोड़ना है। DGA ने 15 अप्रैल 2026 को ‘डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन मेजरमेंट इंडेक्स 2026’ भी जारी किया है। सरकार पहले से ही SADAF जैसे निवेश केंद्र और गवर्नमेंट डिजिटल इनोवेशन सेंटर के जरिए तकनीक को बढ़ावा दे रही है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
यह डिजिटल सेंटर कहाँ बनाया जाएगा?
यह डिजिटल गवर्नमेंट सेंटर सऊदी अरब की राजधानी रियाद में बनाया जाएगा।
इस पहल का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इसका उद्देश्य सरकारी कामकाज को डिजिटल बनाना और UN के सहयोग से ग्लोबल डिजिटल स्टैंडर्ड्स को अपनाकर सेवाओं को बेहतर करना है।