सऊदी अरब ने अपने उन नागरिकों के लिए बड़ी चेतावनी जारी की है जो इस समय Lebanon में हैं. सरकार ने उन्हें तुरंत वहां से बाहर निकलने को कहा है. यह फैसला वहां बढ़ते तनाव और इसराइल की सैन्य कार्रवाई के बाद लिया गया है. United Nations ने भी आगाह किया है कि अगर हालात ऐसे ही रहे तो वहां एक बहुत बड़ा मानवीय संकट खड़ा हो जाएगा.
सऊदी अरब ने लेबनान छोड़ने का आदेश क्यों दिया?
सऊदी दूतावास ने 27 मार्च 2026 को यह आदेश जारी किया. दूतावास ने साफ कहा कि मौजूदा घटनाओं के गंभीर असर को देखते हुए नागरिकों का वहां रहना ठीक नहीं है. इसके साथ ही यह भी याद दिलाया गया कि सऊदी सरकार ने पहले से ही लेबनान की यात्रा पर पाबंदी लगा रखी थी. Israel की सेना ने लेबनान के दक्षिणी हिस्से में हजारों सैनिक भेज दिए हैं. उनका मकसद लिटानी नदी के दक्षिण का पूरा इलाका अपने कब्जे में लेना है.
लेबनान में हालात कितने खराब हैं और क्या है नुकसान?
लेबनान में स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है. 2 मार्च 2026 से अब तक 12 लाख से ज्यादा लोग अपना घर छोड़कर भागने को मजबूर हुए हैं. लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक, अब तक 2,124 लोग मारे जा चुके हैं और 6,921 लोग घायल हुए हैं. मरने वालों में 168 बच्चे और 254 महिलाएं भी शामिल हैं. हालांकि 17 अप्रैल को युद्धविराम की बात कही गई थी, लेकिन उसके बाद भी हिंसा जारी रही और कम से कम 380 लोगों की मौत हुई.
मदद की कमी और बुनियादी ढांचे का नुकसान
UN ने लेबनान में एक बड़ी त्रासदी की चेतावनी दी है, लेकिन मदद के लिए फंड की भारी कमी है. मार्च से मई 2026 के लिए जो अपील की गई थी, उसमें अब तक केवल 22 प्रतिशत पैसा ही जुटा पाया गया है. इसराइली हमलों में कई पुल और घर पूरी तरह तबाह हो चुके हैं. इस वजह से विस्थापित परिवार अपने घरों को वापस नहीं लौट पा रहे हैं और बुनियादी सुविधाएं खत्म हो चुकी हैं.
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी नागरिकों को लेबनान छोड़ने के लिए कब कहा गया?
सऊदी दूतावास ने 27 मार्च 2026 को अपने नागरिकों को लेबनान से तुरंत बाहर निकलने का आदेश दिया था.
लेबनान में अब तक कितने लोग मारे गए हैं?
लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, 2 मार्च 2026 से अब तक कम से कम 2,124 लोगों की मौत हो चुकी है और 6,921 लोग घायल हुए हैं.