संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद (UNHRC) ने ईरान द्वारा खाड़ी के कई देशों पर किए गए हमलों को लेकर एक बड़ा प्रस्ताव पास किया है। सऊदी अरब ने इस प्रस्ताव का स्वागत करते हुए इसे अंतरराष्ट्रीय समुदाय की एक बड़ी जीत बताया है। इस प्रस्ताव में सऊदी अरब, यूएई, कुवैत, ओमान, कतर, बहरीन और जॉर्डन पर हुए हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की गई है। दुनिया के 100 से ज्यादा देशों ने मिलकर इस प्रस्ताव का समर्थन किया है, जो क्षेत्रीय शांति के लिए एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

UN के इस नए प्रस्ताव में किन मुख्य बातों को शामिल किया गया है?

UNHRC द्वारा अपनाए गए इस प्रस्ताव में ईरान से जुड़े कई गंभीर मुद्दों पर चर्चा की गई है। इसमें नागरिक बुनियादी ढांचे जैसे एयरपोर्ट, पोर्ट, बिजली घरों और रिहायशी इलाकों पर ड्रोन और मिसाइल हमलों को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया गया है।

  • प्रस्ताव में ईरान से सभी हमलों और उकसावे वाली कार्रवाई को तुरंत और बिना शर्त रोकने के लिए कहा गया है।
  • ईरान को हमलों से हुए नुकसान और पीड़ितों की भरपाई करने का निर्देश दिया गया है।
  • हॉर्मुज जलडमरूमध्य और बाब अल-मंदाब जैसे अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों में बाधा डालने की कोशिशों को खारिज किया गया है।
  • प्रभावित देशों को आत्मरक्षा का पूरा अधिकार देने की बात दोहराई गई है।

खाड़ी देशों और वहां रहने वाले प्रवासियों पर इन हमलों का क्या असर हुआ?

ईरानी हमलों का असर न केवल सरकारी संपत्तियों पर बल्कि वहां काम करने वाले आम लोगों और प्रवासियों पर भी पड़ा है। रिपोर्ट के अनुसार, इन हमलों में कई नागरिक हताहत हुए हैं, जिनमें बड़ी संख्या प्रवासी मजदूरों की है। इसके अलावा, समुद्र में फंसे जहाजों और नाविकों के कारण व्यापारिक गतिविधियों पर भी बुरा असर पड़ा है।

प्रभावित क्षेत्र नुकसान का विवरण
नागरिक ठिकाने एयरपोर्ट, आवासीय भवन और वित्तीय केंद्र
ऊर्जा क्षेत्र तेल सुविधाएं और पानी साफ करने के प्लांट (Desalination Plants)
समुद्री रास्ता Strait of Hormuz में फंसे लगभग 2000 जहाज और 20,000 नाविक
मानवीय प्रभाव GCC देशों में 11 नागरिकों की मौत और 268 लोग घायल

सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने कहा है कि यह प्रस्ताव ईरान की उन कार्रवाइयों के खिलाफ दुनिया की एकजुटता को दिखाता है, जो देशों की संप्रभुता का उल्लंघन करती हैं। फिलहाल ईरान ने अमेरिका की ओर से दिए गए सीजफायर के प्रस्ताव को खारिज कर दिया है, जिससे तनाव अब भी बना हुआ है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com