सऊदी अरब की स्वास्थ्य संस्था Weqaya ने ऐलान किया है कि देश इबोला और हंटावायरस जैसी बीमारियों से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। फिलहाल सऊदी अरब में इस तरह का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन सरकार ने एहतियात के तौर पर निगरानी बढ़ा दी है। खासतौर पर हज यात्रियों और दूसरे देशों से आने वाले लोगों की सेहत पर 24 घंटे नजर रखी जा रही है।

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क्या सऊदी अरब में इबोला या हंटावायरस के मामले मिले हैं?

Weqaya ने साफ किया है कि सऊदी अरब के अंदर इबोला या हंटावायरस का कोई भी कन्फर्म या संदिग्ध मामला नहीं मिला है। स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि जायरीन की सेहत की स्थिति संतोषजनक है और उनकी निगरानी के लिए अधिकारियों के साथ तालमेल बिठाया गया है। जो लोग उन देशों से आ रहे हैं जहां ये वायरस फैला है, उनकी रोजाना हेल्थ चेकिंग की जा रही है।

सरकार ने सुरक्षा के लिए क्या खास तैयारी की है?

  • WHO ने 17 मई 2026 को इबोला को अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य आपातकाल घोषित किया था, जिसके बाद सऊदी अरब ने अपनी चौकसी बढ़ा दी है।
  • 8 और 9 मई 2026 को अटलांटिक महासागर में एक क्रूज शिप पर हंटावायरस के मामले मिले थे, लेकिन Weqaya ने सऊदी अरब के लिए इसका खतरा बहुत कम बताया है।
  • स्वास्थ्य मंत्री Fahd Al-Jalajel ने नवंबर 2025 में एक विशेष कम्युनिकेबल डिजीज यूनिट शुरू की थी, जिसमें मोबाइल लैब भी शामिल हैं ताकि खतरनाक बीमारियों की जांच जल्दी हो सके।
  • दिसंबर 2024 में पवित्र स्थलों पर विशेष इंफेक्शियस डिजीज यूनिट्स तैनात की गई थीं ताकि बीमारियों की पहचान तेजी से हो सके।

सफर करने वालों के लिए क्या जरूरी निर्देश हैं?

गर्मियों में यात्रा करने वाले लोगों के लिए कुछ जरूरी गाइडलाइन्स जारी की गई हैं। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे खाने-पीने की चीजों की साफ-सफाई का ध्यान रखें, व्यक्तिगत स्वच्छता बनाए रखें और चूहों जैसे जानवरों से दूर रहें। साथ ही, यात्रा के दौरान अपनी हेल्थ इंश्योरेंस को जरूर साथ रखने की सलाह दी गई है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या सऊदी अरब में इबोला के मामले मिले हैं?

नहीं, Weqaya के मुताबिक सऊदी अरब में इबोला या हंटावायरस का कोई भी कन्फर्म या संदिग्ध मामला नहीं मिला है।

हज यात्रियों के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं?

हज यात्रियों की सेहत की 24 घंटे निगरानी की जा रही है और प्रभावित देशों से आने वाले लोगों की रोजाना हेल्थ चेकिंग हो रही है।