सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस Mohammed bin Salman और सूडान की Transitional Sovereignty Council के चेयरमैन Abdel Fattah Al-Burhan ने जेद्दा में एक अहम मुलाकात की। इस बैठक में सूडान के मौजूदा हालात और वहां चल रही जंग को रोकने के उपायों पर चर्चा हुई। दोनों नेताओं ने सूडान की सुरक्षा, एकता और उसकी सीमाओं की रक्षा करने पर ज़ोर दिया।

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बैठक में किन मुख्य बातों पर चर्चा हुई?

इस मुलाकात के दौरान सऊदी क्राउन प्रिंस और जनरल Al-Burhan ने सूडान में हो रहे ताजा घटनाक्रमों और उनके असर की समीक्षा की। दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति जताई कि सूडान की स्थिरता और संप्रभुता को बनाए रखना बहुत ज़रूरी है। बैठक में इस बात पर चर्चा हुई कि कैसे अंतरराष्ट्रीय प्रयासों के ज़रिए वहां शांति वापस लाई जा सकती है। इस मौके पर सऊदी अरब और सूडान के कई वरिष्ठ अधिकारी और मंत्री भी मौजूद थे।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्या कोशिशें चल रही हैं?

सूडान में शांति के लिए अमेरिका, सऊदी अरब, UAE और मिस्र मिलकर काम कर रहे हैं। हाल ही में बर्लिन में एक कॉन्फ्रेंस हुई, जिसमें मानवीय मदद के लिए 1.5 अरब यूरो का वादा किया गया। अमेरिकी सलाहकार Massad Boulos ने संकेत दिया है कि जून तक मानवीय युद्धविराम के लिए सूडानी पक्षों को सहमत होना होगा। मिस्र के राष्ट्रपति Abdel Fattah al-Sisi ने भी सूडान की एकता का समर्थन किया है और बाहरी दखल का विरोध किया है।

सूडान के हालात और भविष्य की योजनाएं क्या हैं?

सूडान में 2023 से चल रहे गृहयुद्ध की वजह से हालात बहुत खराब हैं। अस्पतालों में बिजली न होने से मरीजों की जान जा रही है और चीनी उद्योग पूरी तरह तबाह हो चुका है। इन मुश्किलों को देखते हुए जून में एक सूडानी-सऊदी निवेश फोरम (Investment Forum) आयोजित किया जाएगा। इसका मकसद बैंकिंग सेक्टर की बाधाओं को दूर करना और सूडान में निवेश के नए रास्ते खोलना है।

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.