सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने म्यूनिख सुरक्षा सम्मेलन में दुनिया के मौजूदा हालात पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि गाजा संकट ने यह साबित कर दिया है कि इंटरनेशनल ऑर्डर यानी वैश्विक व्यवस्था अब ठीक से काम नहीं कर रही है। उनका कहना है कि दुनिया में इंसाफ और स्थिरता लाने में यह सिस्टम पूरी तरह से फेल हो चुका है और अब इस कमी को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है।

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युद्धविराम को लेकर क्या है सऊदी का नजरिया?

प्रिंस फैसल ने पैनल डिस्कशन के दौरान कहा कि अगर हिंसा जारी है तो मौजूदा स्थिति को भरोसेमंद युद्धविराम नहीं माना जा सकता। उन्होंने एक बहुत अहम बात कही कि ‘अगर बंदूकें शांत नहीं हुई हैं, तो यह युद्धविराम नहीं है।’ उनका मानना है कि सिर्फ कागज पर बातें करने से जमीन पर हालात नहीं बदलते हैं।

उन्होंने आगे समझाया कि भले ही लड़ाई थोड़ी कम हो गई हो, लेकिन मानवीय संकट अभी भी बना हुआ है। विदेश मंत्री ने कहा कि भले ही लोगों को मारना बंद कर दिया गया हो, लेकिन लोगों का मरना अभी भी जारी है। उनका इशारा इस तरफ था कि बमबारी रुकने के बाद भी अगर लोगों को खाना और दवा नहीं मिलेगी तो वे अपनी जान गँवाते रहेंगे।

दुनिया के बड़े देशों के साथ की बैठक

सऊदी विदेश मंत्री ने इस दौरान यूरोपीय संघ, ब्रिटेन, फ्रांस और कुवैत के अधिकारियों के साथ अलग-अलग बैठकें कीं। उन्होंने जोर देकर कहा कि फिलिस्तीनियों को उनका हक मिलना जरूरी है और गाजा व वेस्ट बैंक में एकता होनी चाहिए। उनका कहना है कि पुराना सिस्टम अब नहीं चलेगा जहां ताकतवर देश अपनी मनमानी करते थे।

उन्होंने कहा कि विकासशील देश लंबे समय से देख रहे हैं कि यह व्यवस्था फेल हो रही है। अब समय आ गया है कि दुनिया के ताकतवर देश साथ मिलकर सुधार की बात करें। सऊदी अरब का पूरा जोर इस बात पर है कि गाजा में मरने वालों की संख्या रोकी जाए और वहां दोबारा से जीवन शुरू किया जा सके।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.