खाड़ी क्षेत्र में बढ़ती सुरक्षा चिंताओं के बीच सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने कतर, जॉर्डन और मिस्र के अपने समकक्षों के साथ महत्वपूर्ण फोन चर्चाएं की हैं। इन वार्ताओं में ईरान द्वारा कुवैत और बहरीन पर किए गए हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की गई है। इसके साथ ही क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता बहाल करने के लिए आपसी सहयोग को और मजबूत करने पर सहमति बनी है।
सऊदी अरब के विदेश मंत्रियों की कतर और जॉर्डन के साथ क्या चर्चा हुई?
सऊदी अरब के आधिकारिक मीडिया हाउस, सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) के अनुसार, सऊदी विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने मई और जून 2026 के दौरान कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुर्रहमान अल थानी और जॉर्डन के विदेश मंत्री अयमान सफादी के साथ लगातार फोन पर बातचीत की। 12 मई 2026 को लंदन में प्रिंस फैसल ने ब्रिटिश विदेश सचिव यवेट कूपर से भी मुलाकात की थी, जिसमें आपसी हितों और क्षेत्रीय सुरक्षा पर बात हुई थी। इसके बाद 3 जून 2026 को दोबारा फोन कॉल के जरिए आपसी समन्वय मजबूत करने पर बात हुई।
ईरान के हमलों को लेकर खाड़ी देशों ने क्या कड़ा रुख अपनाया है?
3 जून 2026 को हुई बातचीत के दौरान सऊदी अरब और जॉर्डन के विदेश मंत्रियों ने कुवैत और बहरीन को निशाना बनाकर किए गए ईरानी हमलों की कड़ी निंदा की। उन्होंने इन हमलों को बहरीन और कुवैत की संप्रभुता का सीधा उल्लंघन बताया। इस संकट से निपटने और खाड़ी क्षेत्र में शांति व सुरक्षा बहाल करने के लिए सभी देशों ने आपसी तालमेल बढ़ाने और रणनीतिक सहयोग जारी रखने पर बल दिया है।
मिस्र और सूडान के मुद्दों पर सऊदी अरब ने क्या बातचीत की?
5 जून 2026 को बातचीत का दायरा और बढ़ाते हुए प्रिंस फैसल बिन फरहान ने मिस्र के विदेश मंत्री बद्र अब्देलअति और कतर के प्रधानमंत्री से फोन पर बात की। इस दौरान क्षेत्र में तेजी से बदल रहे सुरक्षा परिदृश्य, खासकर ईरानी संकट और इसके क्षेत्रीय स्थिरता पर पड़ने वाले असर को लेकर गहराई से विचार-विमर्श किया गया। इसके साथ ही सूडान में चल रहे मौजूदा संकट और वहां शांति बहाल करने के प्रयासों पर भी चर्चा हुई।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी अरब और अन्य खाड़ी देशों के बीच हाल ही में किस मुद्दे पर चर्चा हुई?
सऊदी अरब के विदेश मंत्री ने कतर, जॉर्डन और मिस्र के अपने समकक्षों के साथ ईरानी हमलों, क्षेत्रीय सुरक्षा और सूडान के घटनाक्रम पर विस्तार से चर्चा की।
सऊदी और जॉर्डन के विदेश मंत्रियों ने किस कार्रवाई की निंदा की?
दोनों देशों के विदेश मंत्रियों ने कुवैत और बहरीन पर हाल ही में हुए ईरानी हमलों की कड़े शब्दों में निंदा की और इसे संप्रभुता का उल्लंघन बताया।
