सऊदी विदेश मंत्री तुर्की पहुंचे, गज़ा में शांति और क्षेत्रीय विवाद सुलझाने के लिए पाकिस्तान और मिस्र के साथ करेंगे बैठक
सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान शुक्रवार शाम तुर्की के अंताल्या शहर पहुंचे। यहां वह पाकिस्तान, मिस्र और तुर्की के विदेश मंत्रियों के साथ एक बहुत महत्वपूर्ण बैठक में हिस्सा लेंगे। इस दौरे का मुख्य मकसद गज़ा में शांति बहाल करना और मिडिल ईस्ट के तनाव को कम करना है।
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चार देशों की इस बैठक में क्या होगी चर्चा
सऊदी अरब, तुर्की, पाकिस्तान और मिस्र के विदेश मंत्री एक साथ बैठकर क्षेत्रीय मुद्दों पर बात करेंगे। यह इन चार देशों के बीच तीसरी ऐसी बड़ी बैठक है। इसमें मुख्य रूप से अमेरिका, इसराइल और ईरान के बीच चल रहे विवादों को सुलझाने और इलाके में स्थिरता लाने पर चर्चा होगी।
इन देशों का मानना है कि क्षेत्र की समस्याओं का हल भी इसी इलाके के देशों को मिलकर निकालना चाहिए। इससे पहले ऐसी बैठकें रियाद और इस्लामाबाद में भी हो चुकी हैं, ताकि आपसी तालमेल बढ़ाया जा सके।
गज़ा संकट और मानवीय मदद पर क्या है योजना
प्रिंस फैसल बिन फरहान गज़ा के हालात पर चर्चा करने के लिए ‘ग्रुप ऑफ एइट’ की मंत्री स्तरीय बैठक में भी शामिल होंगे। इस बैठक का पूरा ध्यान गज़ा में युद्धविराम (ceasefire) कराने और वहां फंसे आम लोगों तक जरूरी दवाइयां और राशन जैसी मानवीय सहायता पहुंचाने पर रहेगा।
यह सारी बैठकें ‘अंताल्या डिप्लोमैटिक फोरम 2026’ के दौरान हो रही हैं, जो 17 से 19 अप्रैल तक चलेगा। इस फोरम का मुख्य उद्देश्य भविष्य की अनिश्चितताओं को दूर कर शांति का रास्ता खोजना है।
| मुख्य जानकारी | विवरण |
|---|---|
| स्थान | अंताल्या, तुर्की |
| तारीख | 17 अप्रैल 2026 |
| शामिल देश | सऊदी अरब, तुर्की, पाकिस्तान, मिस्र |
| प्रमुख मुद्दा | गज़ा युद्धविराम और क्षेत्रीय शांति |