सऊदी अरब के सांख्यिकी प्राधिकरण (GASTAT) ने देश में बढ़ते विदेशी निवेश को लेकर नए आंकड़े जारी किए हैं। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, साल 2025 में सऊदी अरब में आने वाला शुद्ध विदेशी निवेश 53.2 फीसदी बढ़कर 122.4 अरब रियाल तक पहुंच जाएगा। यह आंकड़े सऊदी अर्थव्यवस्था की मजबूती और वहां दुनिया भर की कंपनियों के बढ़ते भरोसे को दिखाते हैं।

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2025 के दौरान विदेशी निवेश में कितनी बढ़त हुई?

साल 2025 के अलग-अलग महीनों में विदेशी निवेश में लगातार सुधार देखा गया है। सांख्यिकी प्राधिकरण की रिपोर्ट के अनुसार निवेश की स्थिति कुछ इस प्रकार रही है:

  • साल 2025 की पहली तिमाही में शुद्ध विदेशी निवेश 22.2 अरब रियाल रहा, जो पिछले साल से 44 फीसदी ज्यादा था।
  • तीसरी तिमाही में निवेश 24.9 अरब रियाल तक पहुंच गया, जिसमें साल-दर-साल 34.5 फीसदी की बढ़त हुई।
  • मार्च 2025 के आखिर तक सऊदी अर्थव्यवस्था में कुल विदेशी निवेश 3 लाख करोड़ रियाल के आंकड़े को पार कर गया।
  • कुल विदेशी निवेश में पोर्टफोलियो निवेश और प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) की बड़ी हिस्सेदारी रही है।

आम लोगों और प्रवासियों के लिए इसका क्या मतलब है?

सऊदी अरब में विदेशी कंपनियों का पैसा आने से वहां नए प्रोजेक्ट्स और व्यापार के रास्ते खुल रहे हैं। इससे न केवल देश की आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी पैदा हो रहे हैं। सऊदी अरब में रहने वाले भारतीय प्रवासियों और वहां बिजनेस करने वालों के लिए यह एक अच्छा संकेत है क्योंकि निवेश बढ़ने से मार्केट में काम बढ़ता है। सरकार का लक्ष्य विजन 2030 के तहत अपनी अर्थव्यवस्था को तेल पर निर्भरता से हटाकर अन्य क्षेत्रों में फैलाना है, जिसमें यह निवेश बड़ी भूमिका निभा रहा है।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com