Saudi Hajj 2026: सऊदी सरकार की बड़ी चेतावनी, फर्जी हज ऑफिस से बचें वरना लगेगा भारी जुर्माना और होगा डिपोर्ट
सऊदी अरब में हज 2026 की तैयारियां शुरू हो गई हैं और सरकार ने घरेलू तीर्थयात्रियों के लिए एक सख्त चेतावनी जारी की है। गृह मंत्रालय ने लोगों को फर्जी हज कैंपेन और बिना लाइसेंस वाले ऑफिसों से दूर रहने को कहा है। अगर कोई व्यक्ति बिना आधिकारिक परमिट के हज करने की कोशिश करेगा, तो उसे भारी जुर्माने और कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।
हज के लिए रजिस्ट्रेशन और परमिट के क्या नियम हैं?
सऊदी सरकार ने साफ किया है कि हज केवल उन्हीं लोगों के लिए है जिनके पास अधिकृत अधिकारियों से आधिकारिक परमिट होगा। घरेलू तीर्थयात्रियों को Nusuk प्लेटफॉर्म के जरिए ही अपना रजिस्ट्रेशन कराना होगा। हज सेवाओं के लिए केवल उन्हीं कंपनियों से कॉन्ट्रैक्ट करें जो Nusuk प्लेटफॉर्म पर लिस्टेड और लाइसेंस प्राप्त हैं।
- हज के लिए तीर्थयात्री की उम्र कम से कम 15 साल होनी चाहिए।
- रेजिस्ट्रेशन के लिए Nusuk ऐप और वेबसाइट (nusuk.sa) का इस्तेमाल करें।
- रेजीडेंसी वाले लोगों के लिए नियम है कि उनकी रेजिडेंसी कम से कम एक साल पुरानी होनी चाहिए।
- सऊदी नागरिक हर 5 साल में एक बार हज कर सकते हैं।
बिना परमिट हज करने पर कितना जुर्माना लगेगा?
बिना परमिट के हज करने या कोशिश करने वालों के खिलाफ सरकार बहुत सख्त है। इसमें विजिट वीज़ा धारक भी शामिल हैं। अगर कोई बिना परमिट के पकड़ा गया, तो उस पर 20,000 सऊदी रियाल (लगभग 5,300 डॉलर) का जुर्माना लगाया जाएगा।
सिर्फ तीर्थयात्री ही नहीं, बल्कि उनकी मदद करने वालों पर भी गाज गिरेगी। अगर कोई व्यक्ति बिना परमिट वाले शख्स को मक्का ले जाने, उसे पनाह देने या विजिट वीज़ा दिलाने में मदद करेगा, तो उस पर 1,00,000 सऊदी रियाल (लगभग 26,600 डॉलर) का जुर्माना होगा। गैर-सऊदी नागरिक और ओवरस्टे करने वालों को डिपोर्ट किया जाएगा और उन पर 10 साल तक का री-एंट्री बैन लगाया जा सकता है।
मक्का में एंट्री को लेकर क्या गाइडलाइन्स हैं?
18 अप्रैल से 31 मई 2026 के बीच मक्का और पवित्र स्थलों (मशाएर) में प्रवेश केवल उन्हीं लोगों के लिए होगा जिनके पास हज परमिट, मक्का की रेजिडेंसी या वहां काम करने का अधिकृत परमिट है। पासपोर्ट विभाग ने बताया है कि Absher प्लेटफॉर्म के जरिए छह खास श्रेणियों के लोग एंट्री परमिट ले सकते हैं।
- प्रीमियम रेजिडेंसी धारक और निवेशक।
- GCC देशों के नागरिक।
- सऊदी नागरिकों की गैर-सऊदी माताएं और उनके परिवार के सदस्य।
- घरेलू कामगार (Domestic Workers)।