सऊदी अरब में हज 2026 को लेकर तैयारियां बहुत तेजी से चल रही हैं। मक्का और मदीना आने वाले जायरीनों के लिए होटल और ठहरने के इंतजामों को परखने के लिए पर्यटन मंत्री ने खुद जमीनी स्तर पर निरीक्षण किया है। सरकार का पूरा जोर इस बात पर है कि हर यात्री को आरामदायक और सुरक्षित माहौल मिले।

हज 2026 के लिए कितनी जगहों की जांच हुई?

पर्यटन मंत्रालय ने मक्का और मदीना में रहने की सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चलाया है। इस दौरान निम्नलिखित आंकड़े सामने आए हैं:

  • कुल 19,000 से ज्यादा निरीक्षण दौरों का आयोजन किया गया।
  • मक्का में 11,000 से अधिक और मदीना में 5,000 से ज्यादा सुविधाओं की जांच हुई।
  • अस्थायी आवासों की गुणवत्ता और नियमों के पालन के लिए 3,000 विशेष जांच की गईं।
  • मानकों और लाइसेंस की जानकारी देने के लिए फील्ड टीमों ने 3,300 से ज्यादा जागरूकता दौरे किए।

ठहरने की सुविधाओं के लिए क्या नए नियम आए हैं?

इस बार पर्यटन मंत्रालय ने अपनी निगरानी बढ़ा दी है और पहली बार सभी तरह की मेहमाननवाज़ी और अस्थायी आवासों की जिम्मेदारी खुद संभाली है। इसके लिए कुछ अहम बदलाव किए गए हैं:

  • अस्थायी आवासों के लिए अब नए लाइसेंस नियम लागू किए गए हैं।
  • इन नए नियमों की वजह से अब सुविधाएं देने वाली संस्थाएं अपनी क्षमता बढ़ा सकेंगी।
  • क्राउन प्रिंस Mohammed bin Salman ने निर्देश दिए हैं कि हज सीजन को सफल बनाने के लिए देश के सभी संसाधनों और सुरक्षा प्रणालियों का पूरा इस्तेमाल किया जाए।
  • स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी मक्का में मेडिकल सुविधाओं की जांच पूरी कर ली है ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।

शिकायत या जानकारी के लिए कहां संपर्क करें?

सऊदी सरकार ने यात्रियों की सुविधा के लिए एक सीधा संपर्क माध्यम भी जारी किया है। अगर किसी जायरीन को ठहरने की जगह, होटल या अन्य सेवाओं से जुड़ी कोई शिकायत है या वे कोई जानकारी चाहते हैं, तो वे Unified Tourism Center के नंबर 930 पर कॉल कर सकते हैं। मंत्रालय ने साफ किया है कि निजी क्षेत्र और सरकारी विभागों के बीच तालमेल बनाकर सेवाओं को और बेहतर बनाया जाएगा।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.