सऊदी अरब में हज 1447H की तैयारियां जोरों पर हैं और मक्का जाने वाले रास्तों पर गाड़ियों का भारी दबाव देखा जा रहा है। General Authority for Roads के ताजा आंकड़ों के मुताबिक 20 मई 2026 तक 70 हजार से ज्यादा गाड़ियां मक्का पहुंची हैं। सरकार ने सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़े नियम लागू किए हैं ताकि जायरीनों को आने-जाने में कोई परेशानी न हो।
मक्का जाने वाले रास्तों पर ट्रैफिक का क्या हाल है?
General Authority for Roads ने बताया कि मक्का की ओर जाने वाले मुख्य रास्तों पर वाहनों की संख्या काफी ज्यादा रही। सबसे ज्यादा ट्रैफिक Prince Mohammed bin Salman Road पर देखा गया जहाँ 24,609 वाहन गुजरे। इसके अलावा Taif-Makkah Road (Al Sail Al Kabeer) से 11,684 और Madinah-Makkah Road से 9,578 गाड़ियां निकलीं। प्रशासन ने ट्रैफिक मॉनिटरिंग बढ़ा दी है ताकि जायरीनों का सफर आसान और सुरक्षित रहे।
बिना परमिट हज करने वालों के लिए क्या नियम और जुर्माने हैं?
Ministry of Interior ने बिना परमिट हज करने और कराने वालों के खिलाफ बहुत सख्त नियम बनाए हैं। अगर कोई व्यक्ति बिना परमिट के हज करने की कोशिश करेगा तो उसे 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना देना होगा। वहीं, बिना परमिट के जायरीनों को ट्रांसपोर्ट करने वालों पर 1 लाख रियाल तक का जुर्माना, जेल और उनकी गाड़ी जब्त करने जैसी कार्रवाई की जाएगी। प्रवासियों (expats) के लिए नियम और भी कड़े हैं, उन्हें डिपोर्ट कर दिया जाएगा और 10 साल तक सऊदी अरब में दोबारा आने की पाबंदी लगा दी जाएगी।
प्रशासन ने कुछ अन्य जरूरी निर्देश भी जारी किए हैं:
- 13 अप्रैल 2026 से बिना वैध परमिट के मक्का में प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है।
- Nusuk प्लेटफॉर्म के जरिए उमराह परमिट जारी करने की प्रक्रिया 18 अप्रैल से 31 मई 2026 तक बंद रखी गई है।
- हाल ही में मक्का के प्रवेश द्वारों पर जांच के दौरान 13 अवैध जायरीनों को ले जाने वाले 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बिना परमिट हज करने पर कितना जुर्माना लग सकता है?
बिना परमिट हज करने वालों पर 20,000 रियाल और बिना परमिट जायरीनों को ले जाने वालों पर 1 लाख रियाल तक का जुर्माना लग सकता है।
उमराह परमिट कब तक बंद रहेंगे?
Nusuk प्लेटफॉर्म के जरिए उमराह परमिट 18 अप्रैल से 31 मई 2026 तक बंद रखे गए हैं।
