सऊदी अरब में हज्ज 2026 की तैयारियां शुरू हो गई हैं और सरकार ने इस बार नियमों को लेकर काफी सख्ती बढ़ा दी है। मंत्रालय ने साफ़ कर दिया है कि बिना आधिकारिक परमिट के हज्ज करने की कोशिश करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। सऊदी में रहने वाले प्रवासियों और बाहर से आने वाले लोगों के लिए ये नियम जानना बहुत ज़रूरी है ताकि उन्हें किसी कानूनी परेशानी का सामना न करना पड़े।
परमिट और वीज़ा को लेकर क्या हैं नए नियम?
सऊदी हज्ज और उमराह मंत्रालय के मुताबिक, हज्ज 2026 का समय 25 मई से 30 मई 2026 के बीच रहेगा। सभी तीर्थयात्रियों के लिए, चाहे वे सऊदी के निवासी हों या बाहर से आए हों, कानूनी परमिट होना अनिवार्य है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह का विजिट वीज़ा हज्ज करने के लिए मान्य नहीं होगा। 18 अप्रैल 2026 से बिना हज्ज वीज़ा वाले किसी भी व्यक्ति को मक्का में रहने या प्रवेश करने की अनुमति नहीं होगी। साथ ही, 18 अप्रैल से 31 मई 2026 तक नुसुक (Nusuk) प्लेटफॉर्म पर उमराह परमिट जारी करने का काम भी रोक दिया जाएगा।
नियम तोड़ने पर कितनी सज़ा और जुर्माना लगेगा?
बिना परमिट के हज्ज करने या कोशिश करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे व्यक्तियों पर 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगाया जाएगा। विदेशी प्रवासियों के लिए नियम और भी सख्त हैं, उन्हें जुर्माना भरने के साथ-साथ देश से डिपोर्ट कर दिया जाएगा और अगले 10 साल तक सऊदी अरब में आने पर रोक लगा दी जाएगी। अगर कोई कंपनी या व्यक्ति बिना परमिट वाले तीर्थयात्रियों को ले जाने या उन्हें पनाह देने में मदद करता है, तो उस पर 1,00,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लग सकता है और उनके वाहनों को जब्त भी किया जा सकता है।
उम्र, सेहत और रजिस्ट्रेशन की क्या शर्तें हैं?
हज्ज 2026 में शामिल होने के लिए तीर्थयात्रियों की उम्र कम से कम 12 साल होनी चाहिए। सेहत के नियमों का पालन करना भी ज़रूरी है, जिसके तहत हज्ज से कम से कम 10 दिन पहले कोविड-19, मौसमी इन्फ्लुएंजा और मेनिंगोकोकल बीमारी के टीके लगवाना अनिवार्य है। घरेलू तीर्थयात्रियों के लिए मंत्रालय ने 73 कंपनियों को मंजूरी दी है, जिनसे बुकिंग की जा सकती है। सभी यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे केवल नुसुक प्लेटफॉर्म या अधिकृत ऑपरेटरों के जरिए ही परमिट लें ताकि धोखाधड़ी से बचा जा सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
क्या विजिट वीज़ा पर हज्ज करना कानूनी है?
नहीं, सऊदी इंटीरियर मिनिस्ट्री ने साफ़ किया है कि किसी भी प्रकार का विजिट वीज़ा हज्ज के लिए मान्य नहीं है। 18 अप्रैल 2026 से बिना हज्ज वीज़ा के मक्का में प्रवेश वर्जित होगा।
बिना परमिट हज्ज करने पर प्रवासियों को क्या सज़ा मिलेगी?
बिना परमिट हज्ज करने वाले प्रवासियों पर 20,000 रियाल का जुर्माना लगेगा और उन्हें डिपोर्ट कर दिया जाएगा, साथ ही 10 साल का एंट्री बैन लगाया जाएगा।