सऊदी अरब में इस साल की पवित्र हज यात्रा सोमवार, 25 मई 2026 से आधिकारिक तौर पर शुरू हो चुकी है। यूनिफाइड हज मीडिया सेंटर ने तीर्थयात्रियों की सुविधाओं और इस सीजन की तैयारियों को लेकर अपनी पहली प्रेस ब्रीफिंग की है। इस बार सऊदी सरकार सुरक्षा और नियमों को लेकर बेहद सख्त नजर आ रही है। अगर कोई भी विदेशी या स्थानीय नागरिक बिना वैध परमिट के मक्का या अन्य पवित्र स्थलों पर जाने की कोशिश करेगा, तो उसे भारी जुर्माने और सजा का सामना करना पड़ेगा।

बिना वैध परमिट मक्का जाने पर क्या है सजा और जुर्माना?

सऊदी अरब के गृह मंत्रालय और हज सुरक्षा बलों ने साफ कर दिया है कि बिना कानूनी हज परमिट के किसी को भी मक्का में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर निम्नलिखित सख्त कार्रवाई की जाएगी:

  • भारी जुर्माना: बिना परमिट हज करने की कोशिश करने वालों पर 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगाया जाएगा।
  • डिपोर्ट और बैन: उल्लंघन करने वाले विदेशी प्रवासियों को उनके देश वापस भेज दिया जाएगा और उन पर 10 साल तक सऊदी अरब में दोबारा प्रवेश करने पर प्रतिबंध लगा दिया जाएगा।
  • एजेंसियों पर कार्रवाई: अवैध रूप से हज यात्रा कराने वाले ऑपरेटरों पर 1,00,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
  • विजिट वीजा वालों के लिए नियम: विजिट वीजा धारक 1 धू अल-किदाह से 14 धू अल-हिज्जाह तक बिना उचित हज परमिट के मक्का में नहीं रह सकते।

मक्का में 47 डिग्री तापमान की चेतावनी, स्वास्थ्य मंत्रालय ने जारी की गाइडलाइन

सऊदी स्वास्थ्य मंत्रालय ने गर्मी को देखते हुए सभी हज यात्रियों के लिए विशेष स्वास्थ्य एडवाइजरी जारी की है। इस सीजन के दौरान मक्का में तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है।

  • मंत्रालय ने सभी तीर्थयात्रियों से नियमित रूप से छाते का उपयोग करने की अपील की है।
  • अधिकारियों के अनुसार, छाते का उपयोग करने से यात्रियों के आसपास का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस तक कम हो सकता है, जिससे वे लू और डिहाइड्रेशन से बच सकेंगे।
  • हज सुरक्षा बलों के प्रमुख जनरल मोहम्मद अल-बस्सामी ने पुष्टि की है कि यात्रियों की सुरक्षा और सुचारू परिवहन के लिए सभी सुरक्षा बल तैयार हैं।

डिजिटल सिस्टम और नुसुक ऐप का इस्तेमाल हुआ अनिवार्य

सऊदी अरब के विजन 2030 के तहत इस बार डिजिटल सिस्टम पर काफी जोर दिया जा रहा है। ग्रैंड मस्जिद में प्रवेश करने, नमाज की बुकिंग करने और भीड़ की लाइव अपडेट पाने के लिए नुसुक ऐप (Nusuk App) का उपयोग करना अनिवार्य कर दिया गया है। इसके अलावा सभी तीर्थयात्रियों को अपने साथ नुसुक कार्ड (Nusuk Card) रखना होगा, जो पवित्र स्थलों पर उनकी पहचान और परिवहन के लिए जरूरी दस्तावेज है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या विजिट वीजा पर सऊदी अरब जाने वाले लोग हज कर सकते हैं?

नहीं, विजिट वीजा धारकों को बिना कानूनी हज परमिट के मक्का में प्रवेश करने या वहां रहने की अनुमति नहीं है।

सऊदी अरब में बिना परमिट हज करने पर प्रवासियों को क्या सजा मिलेगी?

बिना परमिट पकड़े जाने पर 20,000 रियाल का जुर्माना लगेगा, साथ ही डिपोर्ट करके 10 साल का प्रवेश प्रतिबंध (बैन) लगाया जाएगा।

गर्मी से बचने के लिए सऊदी स्वास्थ्य मंत्रालय ने क्या सलाह दी है?

मंत्रालय ने हज यात्रियों को लगातार छाते का उपयोग करने की सलाह दी है, क्योंकि यह आसपास के तापमान को 10 डिग्री सेल्सियस तक कम कर सकता है।