सऊदी अरब में स्वास्थ्य विभाग वेकाया यानी पब्लिक हेल्थ अथॉरिटी ने इबोला और हंता वायरस को लेकर एक बड़ा बयान जारी किया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इन खतरनाक वायरस के बढ़ते मामलों को देखते हुए सऊदी सरकार पूरी तरह अलर्ट पर है। हालांकि राहत की बात यह है कि सऊदी अरब में अभी तक एक भी संदिग्ध मामला सामने नहीं आया है और देश में मौजूद तीर्थयात्रियों की सेहत पूरी तरह ठीक और सुरक्षित है।

सऊदी अरब में एंट्री पॉइंट पर क्या नियम लागू किए गए हैं?

सऊदी अरब की स्वास्थ्य अथॉरिटी ‘वेकाया’ ने देश के सभी प्रवेश द्वारों और स्वास्थ्य केंद्रों पर अलर्ट का स्तर बढ़ा दिया है। इबोला प्रभावित इलाकों और उनके पड़ोसी देशों से आने वाले यात्रियों के लिए विशेष सतर्कता बरती जा रही है। इन देशों में मुख्य रूप से निम्नलिखित शामिल हैं जिस पर सऊदी प्रशासन की नजर है:

  • युगांडा
  • दक्षिण सूडान
  • रवांडा
  • बुरुंडी
  • तंजानिया
  • कांगो गणराज्य (ब्राज़ाविल)

इन देशों से आने वाले लोगों की जांच के लिए सभी बॉर्डर एंट्री पॉइंट्स पर स्वास्थ्य प्रतिक्रिया टीमों को तैनात कर दिया गया है। इसके अलावा स्वास्थ्य केंद्रों को भी अलर्ट पर रखा गया है ताकि किसी भी संदिग्ध मामले का तुरंत इलाज किया जा सके।

क्या सऊदी अरब में हंता और इबोला वायरस का कोई खतरा है?

सऊदी लोक स्वास्थ्य प्राधिकरण ने साफ किया है कि देश में हंता वायरस के आने का खतरा बहुत ही कम है। अधिकारियों ने बताया कि देश का सर्विलांस सिस्टम और बॉर्डर मॉनिटरिंग सिस्टम बेहद मजबूत है जो किसी भी स्वास्थ्य खतरे से निपटने में सक्षम है। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने हाल ही में कांगो में इबोला के प्रकोप को लेकर वैश्विक चिंता व्यक्त की थी जिसके बाद सऊदी अरब ने अपनी तैयारियां और तेज कर दी हैं। तीर्थयात्रियों के ठहरने वाले स्थानों पर भी रोज थर्मल स्क्रीनिंग और स्वास्थ्य निगरानी की जा रही है। अधिकारियों ने आम जनता और प्रवासियों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक स्रोतों से मिली जानकारी पर ही भरोसा करें।

Frequently Asked Questions (FAQs)

क्या सऊदी अरब में हंता या इबोला का कोई मरीज मिला है?

नहीं, सऊदी पब्लिक हेल्थ अथॉरिटी के अनुसार देश में अभी तक इबोला या हंता वायरस का कोई भी पुष्ट या संदिग्ध मामला सामने नहीं आया है।

किन देशों से आने वाले यात्रियों के लिए सऊदी अरब ने नियम सख्त किए हैं?

युगांडा, दक्षिण सूडान, रवांडा, बुरुंडी, तंजानिया और कांगो गणराज्य जैसे इबोला प्रभावित क्षेत्रों के पड़ोसी देशों से आने वाले यात्रियों के लिए कड़े नियम लागू किए गए हैं।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com