सऊदी अरब के Ministry of Industry and Mineral Resources ने मार्च 2026 की एक रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट के मुताबिक राज्य में औद्योगिक क्षेत्र काफी तेजी से आगे बढ़ रहा है। मार्च के महीने में सरकार ने 188 नए औद्योगिक लाइसेंस दिए और 78 नई फैक्ट्रियों ने अपना उत्पादन शुरू कर दिया है।

नए लाइसेंस और फैक्ट्रियों से कितना फायदा हुआ

सरकार द्वारा जारी नए लाइसेंस और शुरू हुई फैक्ट्रियों की वजह से निवेश और रोजगार के नए अवसर खुले हैं। इन प्रोजेक्ट्स में अरबों रियाल का निवेश किया गया है और बड़ी संख्या में लोगों को काम मिलने की उम्मीद है। इसकी पूरी जानकारी नीचे टेबल में दी गई है

विवरण नए लाइसेंस उत्पादन शुरू करने वाली फैक्ट्रियां
कुल संख्या 188 78
कुल निवेश (रियाल में) 1.81 अरब से ज्यादा 870 मिलियन
रोजगार के अवसर 1,721 से ज्यादा 1,492 के करीब

इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स में गिरावट का क्या कारण था

General Authority for Statistics (GASTAT) के आंकड़ों के अनुसार मार्च 2026 में ओवरऑल इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स (IPI) में पिछले साल के मुकाबले 14.1% की कमी आई है। अगर फरवरी 2026 से तुलना करें तो यह 22.3% गिरा है।

  • माइनिंग और क्वारीइंग: इस क्षेत्र में साल-दर-साल 22.2% की गिरावट दर्ज की गई।
  • तेल गतिविधियां: तेल से जुड़े कामों में 20% की कमी आई।
  • मैन्युफैक्चरिंग: उत्पादन गतिविधियों में 4.7% की गिरावट रही।
  • नॉन-ऑयल सेक्टर: बिजली, गैस, पानी की सप्लाई और वेस्ट मैनेजमेंट जैसे क्षेत्रों में बढ़त देखी गई।

मंत्रालय ने बताया कि प्रोडक्शन इंडेक्स में यह कमी OPEC+ के उत्पादन प्रबंधन के फैसले की वजह से हुई है। इसका मतलब यह नहीं है कि फैक्ट्रियों की क्षमता कम हुई है, बल्कि यह सरकारी नीतियों का असर है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

मार्च 2026 में सऊदी अरब में कितने नए औद्योगिक लाइसेंस दिए गए?

मार्च 2026 में कुल 188 नए औद्योगिक लाइसेंस दिए गए, जिनमें 1.81 अरब सऊदी रियाल से ज्यादा का निवेश हुआ और 1,721 से अधिक नौकरियां मिलने की उम्मीद है।

इंडस्ट्रियल प्रोडक्शन इंडेक्स (IPI) में गिरावट क्यों आई?

IPI में गिरावट का मुख्य कारण OPEC+ के उत्पादन नियम और माइनिंग सेक्टर में 22.2% की कमी है, जिसमें तेल संबंधी गतिविधियों में 20% की गिरावट शामिल है।

Aanya

Aanya is Ex IndiaTV Journalist. She covers Expats oriented news, views and interviews With deep understanding of what Hindi Speaking people needs as updates in daily life to avoid fines, comply rules and stay updated.