सऊदी अरब के गृह मंत्री ने ईरान के हज और तीर्थयात्रा संगठन के प्रमुख अलीरेजा रशीदियन से मुलाकात की है। यह बैठक हज 2026 की तैयारियों को लेकर की गई ताकि ईरानी तीर्थयात्रियों को बेहतर सुविधाएं और सुरक्षा मिल सके। इस साल हज के दौरान नियमों को लेकर सऊदी सरकार काफी सख्त नजर आ रही है और तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
हज 2026 की तारीखें और तीर्थयात्रियों का कोटा
सऊदी अरब में इस साल हज के अनुष्ठान 25 मई से 30 मई 2026 के बीच होने की उम्मीद है, जो चांद दिखने पर निर्भर करेगा। इस बार ईरानी तीर्थयात्रियों की संख्या में बड़ी गिरावट आई है। अब केवल लगभग 30,000 ईरानी तीर्थयात्री हज पर जाएंगे, जबकि पिछले साल यह संख्या 90,000 थी। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने इन तीर्थयात्रियों को भेजने की मंजूरी दी है। बता दें कि ईरानी तीर्थयात्रियों का पहला समूह 27 अप्रैल 2026 को ही मदीना पहुंच चुका था।
वीज़ा नियम और भारी जुर्माने का प्रावधान
सऊदी अधिकारियों ने वीज़ा नियमों का उल्लंघन करने वालों के लिए कड़े दंड तय किए हैं। वीज़ा की समय सीमा खत्म होने के बाद भी रुकने वालों पर 50,000 रियाल (करीब 13,330 डॉलर) का जुर्माना और छह महीने की जेल हो सकती है। वहीं, बिना अनुमति मक्का में प्रवेश करने पर 1,00,000 रियाल (करीब 26,660 डॉलर) का जुर्माना लगेगा। हज वीज़ा की कीमत भी बढ़कर करीब 2,300 सऊदी रियाल हो गई है और नियमित टूरिस्ट वीज़ा के रिन्यूअल पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।
सुरक्षा इंतजाम और अंतरराष्ट्रीय हालात
सऊदी सरकार ने सभी इस्लामिक देशों के अधिकारियों के साथ समन्वय कर हज सीजन के लिए पूरी तैयारी की है। दूसरी ओर, अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के कारण अमेरिकी दूतावास ने अपने नागरिकों को हज यात्रा पर फिर से विचार करने की सलाह दी है। हालांकि, रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत अंतिम चरण में है और इसका अगला दौर हज के बाद पाकिस्तान के इस्लामाबाद में हो सकता है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
हज 2026 कब से शुरू होगा
हज 2026 के अनुष्ठान 25 मई से 30 मई 2026 के बीच होने की संभावना है, जो चांद के दिखने पर निर्भर करेगा।
सऊदी अरब में वीज़ा नियमों का उल्लंघन करने पर क्या सजा है
वीज़ा ओवरस्टे पर 50,000 रियाल जुर्माना और 6 महीने की जेल हो सकती है, जबकि मक्का में अवैध प्रवेश पर 1,00,000 रियाल का जुर्माना लगेगा।
