सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय ने घरेलू तीर्थयात्रियों और प्रवासियों को फर्जी हज कैंपेन और बिना लाइसेंस वाले दफ्तरों से सावधान रहने को कहा है. सरकार ने साफ किया है कि हज 1447 AH के लिए केवल आधिकारिक परमिट ही मान्य होंगे. अगर कोई व्यक्ति धोखेबाज एजेंटों के चक्कर में पड़ता है तो उसे भारी आर्थिक नुकसान और कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा.

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बिना परमिट हज करने पर कितना लगेगा जुर्माना?

सऊदी सरकार ने नियम सख्त कर दिए हैं. बिना परमिट के हज करने वालों या विजिट वीजा पर मक्का और पवित्र स्थलों में रुकने वालों पर 20,000 सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगेगा. प्रवासियों के लिए यह और भी मुश्किल हो सकता है क्योंकि बिना परमिट हज करने पर उन्हें देश से निकाला जा सकता है और 10 साल तक सऊदी आने पर रोक लगा दी जाएगी. इसके अलावा, अवैध तीर्थयात्रियों को ले जाने वाले वाहनों को भी जब्त किया जा सकता है.

शरण देने वालों और एजेंटों के लिए क्या नियम हैं?

मंत्रालय ने घोषणा की है कि जो लोग बिना परमिट वाले विजिट वीजा धारकों को होटल, अपार्टमेंट या अपने घरों में पनाह देंगे, उन पर 1 लाख सऊदी रियाल तक का जुर्माना लगेगा. यह नियम जुल-कादा की शुरुआत से जुल-हिज्जा के मध्य तक लागू रहेगा. जो लोग अवैध तरीके से हज के लिए वीजा का इंतजाम करेंगे या परिवहन में मदद करेंगे, उन्हें भी इसी भारी जुर्माने का सामना करना होगा.

सही जानकारी और शिकायत के लिए क्या करें?

हज के लिए परमिट केवल Nusuk ऐप या Permits Platform (Tasreeh) के जरिए ही मिलेंगे. किसी भी अन्य वीजा पर हज करना गैरकानूनी होगा. यदि किसी को फर्जी कैंपेन या धोखाधड़ी की जानकारी मिले, तो मक्का, मदीना, रियाद और पूर्वी क्षेत्रों में 911 और बाकी इलाकों में 999 पर कॉल करें. धोखाधड़ी वाले मैसेज की शिकायत 330330 पर और तीर्थयात्रियों की शिकायत 1966 पर की जा सकती है.

Nura Basta

Nura Basta is the Editor at GulfHindi.com and a journalism graduate from IIMC Delhi. With more than 7 years of professional experience, he has worked with leading media organizations including Aaj Tak (2018–2021) and Gulf News (2021–2025). His reporting and editorial work primarily focus on Gulf news, current affairs, and issues relevant to the Indian diaspora. At GulfHindi.com, he is committed to providing credible, well-researched, and impactful content for Hindi readers in the Gulf.