सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान ने पाकिस्तान के उप-प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री इशाक डार के साथ फोन पर महत्वपूर्ण बातचीत की। इस चर्चा का मुख्य केंद्र क्षेत्र में मौजूदा सुरक्षा हालातों को सुधारना और स्थिरता बहाल करना था। यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब खाड़ी क्षेत्र में शांति स्थापित करने के लिए कई स्तरों पर प्रयास किए जा रहे हैं।

सऊदी और पाकिस्तान के बीच किन मुद्दों पर हुई बातचीत?

सऊदी और पाकिस्तान के विदेश मंत्रियों ने क्षेत्रीय घटनाक्रमों और सुरक्षा को लेकर अपने विचार साझा किए। दोनों देशों ने इस बात पर सहमति जताई कि क्षेत्र में शांति बनाए रखना सभी के हित में है। पाकिस्तान ने हाल ही में अमेरिका और ईरान के बीच संभावित बातचीत के लिए भी अपना समर्थन जताया है। खाड़ी देशों में काम करने वाले प्रवासियों के लिए यह खबर राहत देने वाली है क्योंकि क्षेत्र में स्थिरता से रोजगार और यात्रा पर सकारात्मक असर पड़ता है।

रूस के विदेश मंत्री से क्या संदेश मिला?

प्रिंस फैसल बिन फरहान को रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव की ओर से एक लिखित संदेश भी प्राप्त हुआ है। इस संदेश में आपसी हितों और अंतरराष्ट्रीय सहयोग से जुड़े मुद्दों का जिक्र किया गया है। रियाद में रूसी राजदूत सर्गेई कोज़लोव ने यह संदेश सऊदी अरब के उप-विदेश मंत्री डॉ. अब्दुर्रहमान अल-रस्सी को सौंपा। सऊदी अरब लगातार दुनिया के बड़े देशों के साथ संपर्क में रहकर क्षेत्रीय समस्याओं का समाधान खोजने में लगा हुआ है।

क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर अन्य जरूरी अपडेट्स

सुरक्षा के मोर्चे पर सऊदी अरब की वायु रक्षा प्रणाली ने हाल ही में 5 बैलिस्टिक मिसाइलों और 4 ड्रोनों को सफलतापूर्वक मार गिराया है। इसके साथ ही सऊदी अरब और कुवैत के क्राउन प्रिंस ने भी फोन पर बातचीत कर क्षेत्रीय सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। सऊदी अरब ने अमेरिका और ईरान के बीच संघर्ष विराम का स्वागत किया है और होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों की मुफ्त आवाजाही की अपील की है।

महत्वपूर्ण घटना विवरण
सऊदी-पाकिस्तान कॉल क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता पर चर्चा की गई
रूसी संदेश साझा हितों पर सर्गेई लावरोव का लिखित संदेश मिला
हवाई हमला नाकाम 5 मिसाइल और 4 ड्रोन इंटरसेप्ट किए गए
संघर्ष विराम सऊदी अरब ने अमेरिका-ईरान संघर्ष विराम का स्वागत किया