मदीना में हज यात्रियों की सुरक्षा और उनके स्वास्थ्य को लेकर सऊदी रेड क्रेसेंट अथॉरिटी (SRCA) ने अपनी तैयारियां बहुत ज्यादा मजबूत कर दी हैं। हज सीजन 1447 हिजरी को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एक बड़ा प्लान तैयार किया है, जिसके तहत मदीना और उसके आसपास के रास्तों पर चौबीसों घंटे एम्बुलेंस और डॉक्टर तैनात रहेंगे। इस बार हाई-टेक इलेक्ट्रिक गाड़ियों और एयर एम्बुलेंस का भी सहारा लिया जा रहा है ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत मदद पहुंचाई जा सके।
मदीना में तैनात की गईं 90 से ज्यादा एम्बुलेंस यूनिट और हाई-टेक गाड़ियां
सऊदी रेड क्रेसेंट अथॉरिटी ने मदीना क्षेत्र में हज यात्रियों की मदद के लिए 10 ऑपरेशनल सेक्टर बनाए हैं। इस पूरे इलाके में 90 से ज्यादा एम्बुलेंस यूनिट काम कर रही हैं। इन यूनिट्स में 54 एम्बुलेंस गाड़ियां और 27 रैपिड इंटरवेंशन टीमें शामिल हैं। भीड़भाड़ और संकरी गलियों में तुरंत पहुंचने के लिए मोटरसाइकिल, साइकिल, स्कूटर, गोल्फ कार्ट और विशेष “Rufaidah” इलेक्ट्रिक गाड़ियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। इसके साथ ही गंभीर मरीजों को तुरंत बड़े अस्पतालों में ट्रांसफर करने के लिए एयर एम्बुलेंस सेवा को भी पूरी तरह अलर्ट पर रखा गया है।
700 से ज्यादा कर्मचारियों की टीम और 24 घंटे की निगरानी
इस पूरे सुरक्षा और चिकित्सा अभियान को सफल बनाने के लिए 700 से अधिक एम्बुलेंस कर्मी, तकनीकी विशेषज्ञ और प्रशासनिक कर्मचारी काम पर लगाए गए हैं। मदीना क्षेत्र के महानिदेशक डॉ. अहमद बिन अली अल-ज़हरानी ने बताया कि टीम हर समय अलर्ट मोड पर काम कर रही है। विभाग के प्रवक्ता डॉ. तैमूर जान ने कहा कि इस बार टीम किसी भी घटना के होने से पहले या होते ही तुरंत एक्शन लेने की रणनीति पर काम कर रही है ताकि मरीजों को गंभीर स्थिति से बचाया जा सके। चौबीसों घंटे चलने वाला मॉनिटरिंग सिस्टम हर गतिविधि पर नजर रख रहा है।
हिजरह रोड और मस्जिद-ए-नबवी के पास विशेष इंतजाम
हज यात्रियों की मदीना से मक्का की यात्रा के दौरान हिजरह रोड (Hijrah Road) पर विशेष एम्बुलेंस सेवाएं तैनात की गई हैं। इस रास्ते पर 16 एम्बुलेंस यूनिट और 11 डिस्पैच पॉइंट बनाए गए हैं, जहां 60 पैरामेडिक्स चौबीसों घंटे काम कर रहे हैं। इस बेड़े में उहुद (Uhud), सनद (Sanad) और तुवैक (Tuwaiq) जैसी विशेष गाड़ियां शामिल हैं। मदीना में चिकित्सा व्यवस्था कितनी मजबूत है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि 22 मई 2026 को मस्जिद-ए-नबवी में एक 57 वर्षीय मिस्र के हज यात्री को जब स्ट्रोक आया, तो मात्र 1 मिनट 39 सेकंड के भीतर टीम ने रिस्पांस किया और उन्हें अस्पताल पहुंचाया।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सऊदी रेड क्रेसेंट का यह विशेष अभियान कब से कब तक चलेगा?
यह विशेष ऑपरेशन प्लान ज़ुल-क़ादा महीने की शुरुआत से शुरू होकर 15 मुहर्रम 1448 हिजरी तक जारी रहेगा, जिससे हज यात्रियों के आगमन और प्रस्थान के दौरान पूरी सुरक्षा मिल सके।
हिजरह रोड (Hijrah Road) पर आपातकालीन सेवाओं के लिए क्या व्यवस्था है?
हिजरह रोड पर कुल 16 एम्बुलेंस यूनिट और 11 डिस्पैच पॉइंट बनाए गए हैं, जहां 60 पैरामेडिक्स चौबीसों घंटे तैनात रहकर यात्रियों की सेवा कर रहे हैं।
भीड़भाड़ वाले इलाकों में तुरंत मदद के लिए क्या विशेष तकनीक अपनाई जा रही है?
भीड़ वाले इलाकों के लिए ‘Rufaidah’ इलेक्ट्रिक गाड़ियों और एयर-कंडीशन गोल्फ कार्ट का इस्तेमाल किया जा रहा है, जो शांत चलती हैं और इनमें मरीजों के लिए कूलिंग सिस्टम भी लगा है।
