रियाद में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए भीख मांगने वाले 5 प्रवासियों को गिरफ्तार किया है. ये सभी बांग्लादेशी नागरिक थे जो सड़कों पर लोगों से पैसे मांग रहे थे. सऊदी अरब की सरकार अब भीख मांगने वालों के खिलाफ बहुत सख्त हो गई है और ऐसे लोगों को अब बख्शा नहीं जा रहा है.
कार्रवाई की पूरी जानकारी
रियाद रीजन पुलिस और पब्लिक सिक्योरिटी की टीम ने शहर के अलग-अलग इलाकों और मोहल्लों में छापेमारी की. इस दौरान 5 बांग्लादेशी निवासियों को पकड़ा गया. यह कार्रवाई सऊदी आंतरिक मंत्रालय (Ministry of Interior) के निर्देशों के तहत की गई है ताकि समाज में इस तरह की बुराइयों को खत्म किया जा सके और नियमों का पालन सुनिश्चित हो.
क्या होगी सजा
सऊदी अरब के कानून के मुताबिक, भीख मांगना एक अपराध है. पकड़े गए विदेशियों को जेल भेजा जा सकता है और उन पर भारी जुर्माना लगाया जा सकता है. सजा पूरी होने के बाद उन्हें उनके देश वापस (Deport) भेज दिया जाएगा. यह नियम सऊदी नागरिकों के जीवनसाथी या बच्चों को छोड़कर सभी प्रवासियों पर लागू होता है.
लोगों को सरकार की सलाह
अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे सड़कों या सार्वजनिक जगहों पर किसी को पैसे न दें. अगर कोई मदद करना चाहता है, तो केवल सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त आधिकारिक प्लेटफॉर्म का ही इस्तेमाल करे. इससे यह सुनिश्चित होगा कि मदद सही और जरूरतमंद लोगों तक पहुंचे और कोई इसका गलत फायदा न उठाए.
पहले भी हो चुकी हैं ऐसी कार्रवाई
मार्च 2026 में भी इसी तरह के कई अभियान चलाए गए थे. उस समय रियाद में बांग्लादेशी, पाकिस्तानी और यमनी नागरिकों को भीख मांगते हुए पकड़ा गया था. सुरक्षा एजेंसियां अब आधुनिक तकनीक और निगरानी का इस्तेमाल कर रही हैं ताकि भीड़भाड़ वाली जगहों पर ऐसे लोगों को तुरंत पकड़ा जा सके और समाज को सुरक्षित रखा जा सके.
