सऊदी अरब और रूस के बीच क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा को लेकर महत्वपूर्ण बातचीत हुई है। बुधवार को सऊदी विदेश मंत्री Prince Faisal bin Farhan और रूस के विदेश मंत्री Sergey Lavrov ने फोन पर चर्चा की। इस बातचीत का मुख्य उद्देश्य इलाके में स्थिरता लाना और मौजूदा हालातों को सुधारना था।
सऊदी और रूस की बातचीत में किन बातों पर जोर दिया गया?
दोनों देशों के विदेश मंत्रियों ने क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता बढ़ाने के प्रयासों पर चर्चा की। इससे पहले 2 अप्रैल को हुई बातचीत में उन्होंने फारस की खाड़ी (Persian Gulf) में बिगड़ते सैन्य और राजनीतिक हालात पर चिंता जताई थी। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आम नागरिकों की जान बचाने और बुनियादी ढांचे को नुकसान से बचाने के लिए सशस्त्र संघर्ष को जल्द खत्म करना जरूरी है। साथ ही, दोनों पक्षों ने संयुक्त राष्ट्र (UN) में एक-दूसरे के साथ विदेश नीति में तालमेल बिठाने का वादा किया।
क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर सऊदी अरब के अन्य प्रयास
सऊदी अरब शांति बहाली के लिए अन्य देशों के साथ भी संपर्क बनाए हुए है। 13 अप्रैल को सऊदी विदेश मंत्री ने ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araqchi से फोन पर बात की और युद्ध को पूरी तरह रोकने का समर्थन किया। इसके अलावा, 15 अप्रैल को सऊदी काउंसिल ऑफ मिनिस्टर्स की बैठक में वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को बिना किसी रुकावट के जारी रखने की बात कही गई।
काउंसिल ने राज्य की संप्रभुता के उल्लंघन और क्षेत्रीय सुरक्षा को कमजोर करने की कोशिशों को खारिज कर दिया। साथ ही, इराकी क्षेत्र से सऊदी अरब और GCC देशों को निशाना बनाकर किए गए ड्रोन हमलों की कड़ी निंदा की गई।
