सऊदी अरब के विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान और रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव के बीच फोन पर बातचीत हुई है। इस चर्चा में मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और शांति बनाए रखने के तरीकों पर बात की गई। दोनों देशों ने इस बात पर जोर दिया कि इलाके में हिंसा को तुरंत रोकना जरूरी है ताकि आम लोगों को परेशानी न हो।

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सऊदी और रूस के बीच क्या चर्चा हुई?

10 मार्च 2026 को हुई फोन कॉल में दोनों मंत्रियों ने इलाके के हालात पर बात की। उन्होंने कहा कि शांति और स्थिरता के लिए डिप्लोमैटिक कोशिशें जारी रखनी होंगी। रूस के विदेश मंत्रालय ने बताया कि बातचीत में अमेरिका और इसराइल की ईरान के खिलाफ कार्रवाई से बढ़े तनाव पर भी चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने कहा कि सभी तरह की लड़ाई तुरंत खत्म होनी चाहिए और विवाद सुलझाने के लिए ताकत का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

आम लोगों और बुनियादी ढांचे पर क्या असर पड़ा?

बातचीत के दौरान यह बात सामने आई कि इस संघर्ष की वजह से ईरान और फारस की खाड़ी के अरब देशों में आम नागरिक प्रभावित हुए हैं। वहां के बुनियादी ढांचे को काफी नुकसान पहुंचा है और मंत्रियों ने साफ किया कि नागरिक ठिकानों पर हमले नहीं होने चाहिए। इसके बाद 15 अप्रैल 2026 को फिर से फोन पर बात हुई, जिसमें खाड़ी देशों के तटीय इलाकों में बुनियादी ढांचे पर होने वाले हमलों को तुरंत रोकने की मांग की गई थी।

Frequently Asked Questions (FAQs)

सऊदी और रूस के विदेश मंत्रियों ने किन मुख्य मुद्दों पर बात की?

उन्होंने मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव, शांति बनाए रखने और ईरान व खाड़ी देशों में नागरिक बुनियादी ढांचे पर हमलों को रोकने पर चर्चा की।

यह बातचीत कब-कब हुई?

इनके बीच मुख्य चर्चाएं 10 मार्च 2026 और 15 अप्रैल 2026 को फोन कॉल के जरिए हुई थीं।

Sushma Kumari

Shushma covers Stories Around Expats and Helpful Contents Related to Daily life of Public. She completed Mass Communication Degree From Makhan lal Chaturvedi College Bhopal and Has 3 years of Field Experience. Earlier She Worked with Jagran Media Patna Office and Now Working with GulfHindi.com