सऊदी अरब ने कोटे डी आइवर में हाजियों के लिए मक्का रूट पहल को और भी आधुनिक बना दिया है। Saudi Data and Artificial Intelligence Authority (SDAIA) ने वहां के एयरपोर्ट पर नई तकनीक और AI सिस्टम लगाए हैं। इससे अब हाजियों को अपने ही देश में कागजी काम पूरा करने में आसानी होगी और उनका सफर बिना किसी परेशानी के पूरा हो सकेगा।

मक्का रूट पहल में SDAIA ने क्या खास तकनीक लगाई है?

SDAIA ने अबिजां के फेलिक्स हौफौएट-बोइग्नी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर अत्याधुनिक डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया है। इसके तहत बायोमेट्रिक डेटा इकट्ठा करने के लिए मोबाइल बैग और AI आधारित सिस्टम लगाए गए हैं। ये सिस्टम यह पक्का करते हैं कि यात्रियों की जांच और वेरिफिकेशन की प्रक्रिया बिल्कुल सटीक हो। साथ ही, काम में कोई रुकावट न आए इसके लिए बैकअप सिस्टम का इंतजाम भी किया गया है।

हाजियों के लिए यह सुविधा कैसे मददगार साबित होगी?

इस पहल का मुख्य उद्देश्य हाजियों को अपने देश से निकलते समय ही सारी औपचारिकताएं पूरी करने की सुविधा देना है। इसमें निम्नलिखित सुविधाएं शामिल हैं:

  • बायोमेट्रिक डेटा: हाजियों का बायोमेट्रिक डेटा उनके अपने देश में ही जमा कर लिया जाता है।
  • ई-वीजा: हज वीजा इलेक्ट्रॉनिक तरीके से जारी किए जाते हैं।
  • पासपोर्ट और हेल्थ चेक: एयरपोर्ट पर ही पासपोर्ट प्रक्रिया और स्वास्थ्य संबंधी जांच पूरी कर ली जाती है।
  • सामान की सुविधा: यात्रियों के सामान की टैगिंग और छंटाई वहीं होती है, जिसके बाद सामान सीधे मक्का और मदीना के होटलों में पहुंचा दिया जाता है।

इस पहल की ताजा अपडेट और सरकारी भागीदारी

5 मई 2026 को सऊदी अरब के राजदूत साद बिन बखित अल-कथमी ने अबिजां एयरपोर्ट पर इस सुविधा के हॉल का निरीक्षण किया। इसके बाद 7 मई 2026 को पहली फ्लाइट हाजियों को लेकर अबिजां से मदीना के लिए रवाना हुई। इस पूरी प्रक्रिया को सऊदी आंतरिक मंत्रालय संचालित करता है। इसमें विदेश मंत्रालय, स्वास्थ्य मंत्रालय, हज और उमराह मंत्रालय, GACA और पासपोर्ट विभाग जैसे कई सरकारी संस्थान मिलकर काम कर रहे हैं।

Frequently Asked Questions (FAQs)

मक्का रूट पहल क्या है और इसे कब शुरू किया गया था?

यह पहल सऊदी आंतरिक मंत्रालय द्वारा 2017 में शुरू की गई थी। इसका मकसद हाजियों को उनके अपने देश में ही वीजा, पासपोर्ट और बायोमेट्रिक जैसी सुविधाएं देना है ताकि वे बिना किसी परेशानी के मक्का और मदीना पहुंच सकें।

कोटे डी आइवर में यह सुविधा कैसे काम कर रही है?

SDAIA ने अबिजां एयरपोर्ट पर AI और बायोमेट्रिक सिस्टम लगाए हैं। 7 मई 2026 को पहली फ्लाइट के प्रस्थान के साथ यह सेवा शुरू हुई, जिससे हाजियों के दस्तावेजी काम एयरपोर्ट पर ही पूरे हो रहे हैं।