सऊदी अरब के मदीना शहर में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 6 प्रवासियों को हिरासत में लिया है। इन लोगों पर सार्वजनिक नैतिकता और decency के नियमों को तोड़ने का आरोप है। यह पूरी घटना शहर में स्थित एक मसाज सेंटर की बताई जा रही है।
पुलिस की कार्रवाई और गिरफ्तारी
सामुदायिक सुरक्षा महानिदेशालय (General Directorate of Community Security) ने बताया कि मसाज सेंटर के अंदर ऐसी गतिविधियां चल रही थीं जो वहां के स्थानीय नियमों और नैतिकता के खिलाफ थीं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर इन 6 लोगों को गिरफ्तार किया। पकड़े गए सभी लोगों को कानूनी कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद पब्लिक प्रोसिक्यूशन (Public Prosecution) के हवाले कर दिया गया है।
क्या है सऊदी का सार्वजनिक शिष्टाचार कानून
सऊदी अरब में रहने वाले प्रवासियों के लिए यह जानना जरूरी है कि वहां के कानून बहुत सख्त हैं। सरकार ने सितंबर 2019 में एक पब्लिक डेकन्सी लॉ (Public Decency Law) लागू किया था। इस कानून के बारे में कुछ खास बातें नीचे दी गई हैं:
- इस कानून में 19 तरह के अपराधों की लिस्ट है।
- गलत तरीके के कपड़े पहनना और सार्वजनिक जगहों पर अभद्र व्यवहार करना इसमें शामिल है।
- यह नियम स्थानीय संस्कृति और शरिया कानून पर आधारित है।
- नियम तोड़ने वालों को गिरफ्तार किया जा सकता है या उन्हें देश से निकाला जा सकता है।
सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव
सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय (Ministry of Interior) ने सामुदायिक सुरक्षा और मानव तस्करी अपराधों से निपटने के लिए एक विशेष विभाग बनाया है। इसे क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के निर्देशों पर शुरू किया गया है ताकि व्यक्तिगत अधिकारों और मानवीय गरिमा का सम्मान हो सके और आपराधिक नेटवर्क को खत्म किया जा सके।
प्रवासियों के लिए जरूरी सलाह
सऊदी अरब में रहने वाले भारतीय और अन्य प्रवासी अक्सर अनजाने में स्थानीय नियमों का उल्लंघन कर देते हैं। वहां के कानून के मुताबिक, जानकारी न होना बचाव का रास्ता नहीं है। इसलिए सभी प्रवासियों को सलाह दी जाती है कि वे स्थानीय संस्कृति और सरकारी नियमों का पूरा पालन करें ताकि वे किसी भी तरह की कानूनी परेशानी या निर्वासन (Deportation) से बच सकें।
