• About
  • Career
  • Contact
  • Team
  • Policies
  • Privacy Policy
  • Correction Policies
  • Fact-Checking Policy
  • Newsletter
शुक्रवार, फ़रवरी 6, 2026
GulfHindi
  • Login
  • India
  • UAE
  • Saudi
  • Qatar
  • Kuwait
  • Bahrain
  • Oman
  • Yemen
  • Automotive
  • Finance
  • World
No Result
View All Result
GulfHindi
  • India
  • UAE
  • Saudi
  • Qatar
  • Kuwait
  • Bahrain
  • Oman
  • Yemen
  • Automotive
  • Finance
  • World
GulfHindi
No Result
View All Result
  • India
  • UAE
  • Saudi
  • Kuwait
  • Bahrain
  • Qatar
  • Oman
  • Finance
  • Automotive
  • World
  • Yemen
Home India

सऊदी अरब ने भारत को लेकर दिखाया नरमी, फ़ैसले के जल्द बाद अब घटेंगे तेल के दाम

Lov Singh by Lov Singh
अप्रैल 2, 2021
in India, Saudi
0
0
SHARES
17
VIEWS

सऊदी अरब ने भारत को लेकर दिखाया नरमी, फ़ैसले के जल्द बाद अब घटेंगे तेल के दाम

Lov Singh · अप्रैल 2, 2021

भारत पिछले तीन महीनों से तेल उत्पादन करने वाले देशों के संगठन ओपेक और इसके सबसे अहम सदस्य सऊदी अरब पर लगातार ज़ोर देता आ रहा है कि ये देश तेल का उत्पादन बढ़ाएँ, ताकि अंतरराष्ट्रीय बाज़ारों में तेल का भाव कम हो और दुनिया में तेल के तीसरे सबसे बड़े आयातक भारत को थोड़ी राहत मिले.

गुरुवार को ओपेक देशों ने एक वर्चुअल कॉन्फ़्रेंस में फ़ैसला किया कि तेल का उत्पादन धीरे-धीरे बढ़ाया जाएगा. लेकिन इस फ़ैसले से भारत पूरी तरह से संतुष्ट नहीं है.

भारत के तेल और गैस मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इन दिनों विधानसभा चुनाव प्रचार में व्यस्त हैं, इसलिए उनकी प्रतिक्रिया अब तक सामने नहीं आई है.


लेकिन सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी के आर्थिक मामलों के प्रवक्ता गोपाल कृष्ण अग्रवाल कहते हैं कि वो इस फ़ैसले से संतुष्ट हैं लेकिन पूरी तरह से नहीं.

वो कहते हैं, “भारत सरकार उत्पादन बढ़ाने के लिए उन पर दबाव बनाए हुए थी, लेकिन ये बढ़ोतरी अभी भी कम है. हालाँकि हम इस फ़ैसले से ख़ुश हैं, लेकिन हमारी सरकार तेल उत्पादन को चरणबद्ध तरीक़े से नहीं बल्कि तेज़ी से बढ़ाने की माँग करती रही है.”

उत्पादन तीन चरणों में बढ़ाया जाएगा, यानी मई और जून में 350,000 बैरल प्रति दिन और जुलाई में 450,000 बैरल प्रति दिन के हिसाब से तेल का उत्पाद बढ़ाया जाएगा.

लेकिन सवाल ये है कि क्या भारत को अब मई के महीने से सस्ते दाम में तेल मिलेगा? और दूसरा सवाल ये कि क्या देश के पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीज़ल के दाम में कमी आएगी?

विशेषज्ञ कहते हैं कि मई से अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल के भाव में कमी आने की पूरी संभावना है. लेकिन उनका कहना था कि इसका सीधा असर देश के आम उपभोक्ताओं पर भी पड़ेगा- ये कहा नहीं जा सकता.

मुंबई में ऊर्जा क्षेत्र के विशेषज्ञ विवेक जैन के मुताबिक़, “अगर अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में तेल का भाव गिरा और केंद्र और राज्यों ने एक्साइज ड्यूटी नहीं बढ़ाई, तो पेट्रोल और डीज़ल का दाम पेट्रोल पंप पर भी गिरेगा.”

भारत को तेल की सख़्त ज़रूरत

महामारी से हुए नुक़सान के बाद भारत की अर्थव्यवस्था अब विकास की पटरी पर आ गई है, लेकिन विकास की गति को बनाए रखने और इसे आगे बढ़ाने के लिए कच्चे तेल और दूसरे पेट्रोलियम उत्पाद की सस्ते दामों पर उपलब्धता ज़रूरी है.

भारत अपनी ज़रूरत का 85 प्रतिशत तेल और पेट्रोलियम उत्पाद आयात करता है. पिछले साल इसने इनके आयात पर 120 अरब डॉलर ख़र्च किए थे. गुरुवार को ओपेक देशों के तेल के उत्पाद को बढ़ाने के फ़ैसले के बाद अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल का दाम थोड़ा ऊपर गया, लेकिन विशेषज्ञ कहते हैं कि मई के महीने से जब तेल का उत्पादन बढ़ेगा, तो इसका भाव नीचे आएगा.

अमेरिका का दबाव था कि तेल का उत्पादन अभी ना बढ़ाया जाए, क्योंकि इससे अमेरिका के तेल के निर्यात को नुक़सान हो सकता है. सऊदी अरब के ऊर्जा मंत्री अब्दुलअज़ीज़ बिन सलमान ने भी कॉन्फ़्रेंस से पहले तेल का उत्पाद न बढ़ाने की सलाह दी थी, जिसके कारण उन पर आरोप लगा कि वो अमेरिका के दबाव में आकर उत्पादन को बढ़ाने के पक्ष में नहीं हैं.

लेकिन कॉन्फ़्रेंस के बाद उन्होंने कहा कि उनका देश अमेरिका के दबाव में नहीं है. दूसरी तरफ़ ओपेक देशों के सहयोगी देश रूस का ज़ोर तेल के उत्पादन को बढ़ाने पर था.

तेल का भाव अब घट सकता है

इन अलग-अलग विचारों के बीच ओपेक देशों ने फ़ैसला किया कि तेल का उत्पादन धीरे-धीरे बढ़ाया जाएगा. पिछले साल महामारी और लॉकडाउन के बाद अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल का दाम घट कर 20 डॉलर प्रति बैरल हो गया था.

इसके बाद ओपेक देशों ने तेल के उत्पादन में भारी कटौती की और एक समय ये कटौती नौ मिलियन बैरल प्रति दिन तक पहुँच गई थी. इसके कारण तेल के दाम बढ़े, जिसके बाद उत्पादन में कटौती सात मिलियन बैरल हो गई है.

इस बीच भारत में पेट्रोल और डीज़ल के दाम आसमान को छूने लगे और एक समय पेट्रोल का दाम 100 रुपए प्रति लीटर तक पहुँच गया. भारत में पेट्रोल और डीज़ल के दाम अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में क़ीमतों से जुड़े हैं, जिसका मतलब ये हुआ कि अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में दाम घटने या बढ़ने से भारत में भी दाम घटेंगे या बढ़ेंगे.

लेकिन मोदी सरकार पिछले साल पेट्रोल और डीज़ल पर एक्साइज ड्यूटी दो बार बढ़ा दी, जिसके कारण तेल के गिरते दाम का असर भारत में देखने को नहीं मिला.

अमेरिका और चीन के बाद भारत दुनिया का तेल आयात करने वाला सबसे बड़ा देश है. सऊदी अरब, इराक़ और संयुक्त अरब अमीरात जैसे खाड़ी देशों से भारत की ज़रूरत का 20 प्रतिशत से अधिक कच्चा तेल आयात किया जाता है. भारत सऊदी अरब का दूसरा सबसे बड़ा ग्राहक है. एक बड़े ग्राहक की हैसियत से भारत सऊदी अरब से ये माँग करता रहा है कि वो तेल का उत्पादन बढाए.

लेकिन पिछले दिनों भारत के तेल और गैस मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने सऊदी अरब के तेल मंत्री अब्दुल अज़ीज़ बिन सलमान के उस बयान पर आपत्ति जताई, जिसमें उन्होंने भारत के कच्चे तेल के दाम को कम करने की अपील पर कहा था कि भारत अपने उस स्ट्रैटेजिक तेल रिज़र्व का इस्तेमाल करे, जो उसने पिछले साल तेल के गिरती क़ीमत के बीच ख़रीद कर जमा किया था.

तेल पर भारत की निर्भरता

गोपाल कृष्ण अग्रवाल के अनुसार भारत की आर्थिक प्रगति के लिए तेल चाहिए और भारी मात्रा में चाहिए. वे कहते हैं, “हम तेल पर निर्भर हैं. हम मोल तोल करने की स्थिति में नहीं हैं.”

उनका कहना था कि भारत ईरान से तेल ख़रीदना चाहता है, जिससे भारतीय रुपये में तेल ख़रीदा जा सकता है. वो कहते हैं, “हमारी सरकार अमेरिकी सरकार से बातचीत कर रही है. अगर अमेरिका मान जाता है, तो हम ईरान से तेल ख़रीद सकते हैं.”

गोपाल कृष्ण अग्रवाल समेत ऊर्जा क्षेत्र के कई दूसरे विशेषज्ञ भारत को सलाह देते हैं कि वो ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों के निर्माण और विकास पर ज़ोर दे. सिंगापुर में भारतीय मूल की ऊर्जा विशेषज्ञ वंदना हरि कहती हैं कि भारत को ऊर्जा में विविधता लाने की ज़रूरत है. अग्रवाल भी कहते हैं कि इलेक्ट्रिक कार, मेट्रो ट्रेन और सोलर एनर्जी ही तेल पर भारत की निर्भरता को कम कर सकते हैं.

लेकिन इसका मतलब ये नहीं होगा कि तेल पर निर्भरता पूरी तरह से कम हो जाएगी.

ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉरपोरेशन लिमिटेड यानी ओएनजीसी के पूर्व अध्यक्ष आरएस शर्मा के अनुसार अगर ऊर्जा में विविधता पूरी तरह से आ भी जाए, तो तेल पर निर्भरता 10-12 प्रतिशत के बराबर ही कम होगी.

इसके अलावा उन्होंने कहा कि ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों को तैयार करने में 10 से 15 साल लग जाते हैं. वे कहते हैं कि कोई भी सरकार पाँच साल से आगे का नहीं सोचती और इसलिए उनकी योजनाएँ भी अक्सर पाँच साल का लक्ष्य लेकर बनाई जाती हैं. ऊर्जा में विविधता लंबे समय की योजनाओं से लाई जा सकती है.

ShareTweetSendShare
Previous Post

उम्मीद से ज्यादा रकम देख चोर को पड़ा दिल का दौरा, इलाज में लगाया पैसा

Next Post

UAE देगा 6 महीने का वैध VISA, क़ीमत से लेकर RENEW तक की जानकारी जारी, देखिए अपने पेशे का लिस्ट

Lov Singh

Lov Singh

बिहार से हूँ। बिहार होने पर गर्व हैं। फर्जी ख़बरों की क्लास लगाता हूँ। प्रवासियों को दोस्त हूँ। भारत मेरा सबकुछ हैं। Instagram पर @nyabihar तथा [email protected] पर संपर्क कर सकते हैं।

Related Posts

UAE

Dubai में भारतीय प्रवासी की हार्ट अटैक से मौत, अचानक बिगड़ी तबीयत और चली गई जान

by Praggya Singh sabal
फ़रवरी 6, 2026
0

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में एक और भारतीय प्रवासी की अचानक दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई है। दुबई एयरपोर्ट फ्री जोन अथॉरिटी (DAFZA) में...

Read moreDetails

UAE में भारतीय प्रवासी की हार्ट अटैक से मौत, समुदाय का चेयरमैन बनने के 4 दिन बाद तोड़ा दम

फ़रवरी 6, 2026

LuLu Group के यूसुफ अली को मिली बड़ी जिम्मेदारी, अबू धाबी चैंबर बोर्ड में फिर हुए शामिल

फ़रवरी 6, 2026

Abu Dhabi Chamber ने LuLu ग्रुप के यूसुफ अली को फिर चुना बोर्ड मेंबर, इकलौते भारतीय को मिली जगह

फ़रवरी 6, 2026
Next Post

UAE देगा 6 महीने का वैध VISA, क़ीमत से लेकर RENEW तक की जानकारी जारी, देखिए अपने पेशे का लिस्ट

Facebook Twitter LinkedIn Youtube Whatsapp

Welcome to GulfHindi.com

GulfHindi.com Started in Year 2014 as online community converted into website by year 2019. We are thankful to our reader and their engagement with us. We server general purpose day to day helpful contents in news, finance, automotive and expats related issues or updates inside and outside India.

Gulfhindi.com

About Us.

  • About
  • Career
  • Contact
  • Correction Policies
  • Fact-Checking Policy
  • Privacy Policy
  • Team

Contact Us

GulfHindi, Anand villa 201, DPS more, Priyadarshi Nagar, Patna, Bihar, India 801503
Email: [email protected]
Mobile: 9504756906

© 2025 GulfHindi.com | RR Sanchar Nagar, T6/301, 801105, Danapur, Patna, Bihar | Email: [email protected] | Mob: 9504756906

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • India
  • UAE
  • Saudi
  • Qatar
  • Kuwait
  • Bahrain
  • Oman
  • Yemen
  • Automotive
  • Finance
  • World

© 2025 GulfHindi.com | RR Sanchar Nagar, T6/301, 801105, Danapur, Patna, Bihar | Email: [email protected] | Mob: 9504756906