केंद्रीय जांच ब्यूरो ने बिहार के भागलपुर स्थित गैर सरकारी संगठन सृजन महिला विकास सहयोग समिति की सचिव रजनी प्रिया को गिरफ्तार किया। रजनी प्रिया 1,000 करोड़ रुपये के सृजन घोटाले के मामले में फरार थीं। उन्हें उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया गया है। सीबीआई ने रिकॉर्ड में हेराफेरी कर 1,000 करोड़ रुपये के सरकारी धन के दुरुपयोग के आरोप में 24 मामले दर्ज किए थे।

भोपाल, हैदराबाद, मुंबई, कोलकाता में छिपी

प्रिया और उसका पति, गिरफ्तारी से बचने को दिल्ली, पुणे, कोलकाता, भोपाल, मुंबई, हैदराबाद आदि शहरों में छिपते रहे। अमित की मृत्यु के बाद वह साहिबाबाद में नाम बदल कर रहने लगी। सीबीआई की दो टीम प्रिया की तलाश में थी। मुखबिर की सूचना पर एक टीम इंस्पेक्टर रवि शंकर कुमार के नेतृत्व में राजेंद्र नगर पहुंची।

घोटाले का परिचय:

  • सृजन महिला विकास सहयोग समिति के एनजीओ के संस्थापक-सचिव की मृत्यु के बाद यह घोटाला सामने आया था।
  • अधिकारियों ने जाली दस्तावेजों का उपयोग करके सरकारी धन की हेराफेरी की थी और इसमें विभिन्न बैंकों के अधिकारियों का सहयोग था।

रजनी प्रिया की गिरफ्तारी:

  • घोटाले की मुख्य आरोपी रजनी प्रिया फरार थीं और उन्हें भगोड़ा अपराधी भी घोषित किया गया था।
  • सीबीआई की प्रयासों के बाद उन्हें साहिबाबाद से गिरफ्तार कर लिया गया।

घोटाले का मामला:

  • यह घोटाला करीब 1000 करोड़ का है और चारा घोटाला से भी बड़ा है।
  • सीबीआई ने 2017 में इसकी जांच शुरू की और रिकॉर्ड में हेराफेरी कर सरकारी धन के दुरुपयोग के आरोप दर्ज किए।

महत्वपूर्ण जानकारी टेबल:

आरोपी सचिव रजनी प्रिया
आरोप सरकारी धन की हेराफेरी
गिरफ्तारी जगह उत्तर प्रदेश
आरोपों की संख्या 24 मामले
घोटाले की राशि 1,000 करोड़ रुपये