हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के फिर से खुलने से दुनिया भर के तेल बाजारों में एक बड़ा बदलाव आया है। अब तक दुनिया भर में तेल की कमी का डर था, लेकिन अब स्थिति इसके उलट हो गई है और बाजार में तेल की अधिकता (glut) होने की आशंका बढ़ गई है। इस खबर के बाद कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट देखी जा रही है।
ℹ: Air India Express Flight Update: कुवैत और ओमान के लिए उड़ानें फिर शुरू, इन शहरों से मिलेगी सुविधा।
युद्ध विराम और जलमार्ग का खुलना
बता दें कि अमेरिका और इसराइल के ईरान के साथ विवाद के कारण 28 फरवरी 2026 से इस महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते पर आवाजाही बंद थी। करीब 100 दिनों की इस रुकावट के बाद, वाशिंगटन और तेहरान के बीच एक युद्ध विराम समझौता हुआ। 17 जून 2026 को दोनों देशों के बीच एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए, जिसमें जलमार्ग को टोल-फ्री खोलने और परमाणु बातचीत शुरू करने की बात कही गई थी।
ईरान की चेतावनी और वर्तमान स्थिति
जुलाई 2026 की शुरुआत तक इस रास्ते पर जहाजों की आवाजाही बढ़ी है, हालांकि यह अभी भी संकट से पहले के स्तर से कम है। इसी बीच 2 जुलाई 2026 को ईरान की संयुक्त सैन्य कमान ने एक चेतावनी जारी की। ईरान ने कहा कि सभी तेल टैंकरों को उसके द्वारा तय किए गए रास्तों का ही पालन करना होगा, वरना उन्हें सख्त कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। ईरान ने यह भी आरोप लगाया कि इस रास्ते पर अमेरिकी लड़ाकू विमानों की मौजूदगी क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए खतरा है।
अर्थव्यवस्था पर असर
संयुक्त राष्ट्र कॉन्फ्रेंस ऑन ट्रेड एंड डेवलपमेंट (UNCTAD) ने 30 जून 2026 को एक रिपोर्ट जारी की। रिपोर्ट में कहा गया कि जलमार्ग खुलने से ऊर्जा और व्यापार के प्रवाह में राहत मिली है, लेकिन दुनिया की कमजोर अर्थव्यवस्थाओं के लिए रिकवरी का रास्ता लंबा और महंगा होगा। इस रुकावट की वजह से ऊर्जा की कीमतें बढ़ीं और ट्रांसपोर्ट का खर्च बढ़ने से महंगाई में इजाफा हुआ।
तेल बाजार के आंकड़े और अनुमान
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि अब तेल की आपूर्ति मांग से ज्यादा हो सकती है। गोल्डमैन सैक्स ने अनुमान लगाया है कि अगले साल प्रतिदिन लगभग 20 लाख बैरल तेल की अधिकता हो सकती है।
| विवरण | आंकड़ा/स्थिति |
|---|---|
| ब्रेंट क्रूड (Brent Crude) कीमत | 73 डॉलर प्रति बैरल के करीब |
| वेस्ट टेक्सस इंटरमीडिएट (WTI) कीमत | 70 डॉलर के करीब |
| कीमतों में कुल गिरावट | पीक स्तर से लगभग 40% कम |
| अनुमानित अतिरिक्त आपूर्ति | 20 लाख बैरल प्रतिदिन (Goldman Sachs) |
| कुल इन्वेंट्री की कमी | लगभग 1 अरब बैरल |
| रिकवरी में लगने वाला समय | कम से कम 6 महीने |
| हालिया ट्रेंड | लगातार तीसरे दिन 1% से अधिक की गिरावट |
एशिया और यूरोप की रिफाइनरियों ने जुलाई और अगस्त के लिए कच्चे तेल का इंतजाम पहले ही कर लिया था, जिस वजह से अब अतिरिक्त तेल के लिए स्टोरेज की समस्या पैदा हो सकती है।
