अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के कारण Strait of Hormuz में हालात बिगड़ गए हैं। इस तनाव का असर वैश्विक बाजार पर पड़ा है और 12 जुलाई 2026 को ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें 3% से ज्यादा बढ़कर $78.68 प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) ने इस अहम समुद्री रास्ते को अनिश्चित काल के लिए बंद करने का ऐलान किया है, जिससे तेल की सप्लाई प्रभावित होने का डर बढ़ गया है।
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हमले और बढ़ता सैन्य तनाव
ईरान ने आरोप लगाया कि M/V GFS Galaxy नाम का जहाज गलत रास्ते पर था, जिसके बाद उस पर हमला किया गया। इस हमले में जहाज को नुकसान पहुंचा और एक कर्मचारी लापता है। वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने स्पष्ट किया कि जलडमरूमध्य सभी के लिए खुला है। अमेरिकी सेना CENTCOM ने पुष्टि की कि उन्होंने ईरान के करीब 140 सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं, जिसमें मिसाइल साइट्स और नौसैनिक ठिकाने शामिल हैं। पिछले तीन दिनों में अमेरिका ने ईरान के 300 से अधिक ठिकानों को निशाना बनाया है।
खाड़ी देशों पर ईरान के हमले
तनाव के बीच ईरान ने ओमान, कुवैत, कतर, जॉर्डन और यूएई जैसे देशों की ओर मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं। हालांकि, अमेरिकी विमानों ने इनमें से कई को हवा में ही मार गिराया। UN के महासचिव António Guterres ने इस गंभीर स्थिति पर चिंता जताई है और सभी हमलों को तुरंत रोकने की अपील की है। UKMTO ने समुद्री सुरक्षा को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है और जहाजों को खदानों के खतरे से सावधान रहने को कहा है। फिलहाल कूटनीतिक बातचीत के प्रयास जारी हैं, लेकिन स्थिति अब भी बेहद तनावपूर्ण बनी हुई है।
