Strait of Hormuz में तनाव बहुत ज़्यादा बढ़ गया है। अमेरिका ने वहां अपने युद्धपोतों और हज़ारों सैनिकों को भेजकर ‘Project Freedom’ शुरू किया है ताकि व्यापारिक जहाजों का रास्ता खोला जा सके। वहीं दूसरी तरफ ईरान इस रास्ते पर अपना कब्ज़ा जमाए हुए है और विदेशी सेनाओं को हमला करने की चेतावनी दे रहा है। इस खींचतान की वजह से दुनिया भर के व्यापार और तेल की सप्लाई पर बुरा असर पड़ रहा है।
अमेरिका का ‘Project Freedom’ और ईरान की चेतावनी क्या है?
U.S. Central Command (CENTCOM) ने 4 मई 2026 को ‘Project Freedom’ नाम का मिशन शुरू किया। इस मिशन में 15,000 अमेरिकी सैनिक, गाइडेड-मिसाइल डिस्ट्रॉयर और 100 से ज़्यादा हवाई जहाज़ शामिल हैं। अमेरिका का कहना है कि वह समुद्री रास्ते को सुरक्षित बनाना चाहता है। 4 मई को दो अमेरिकी व्यापारिक जहाज़ इस रास्ते से गुज़रे भी थे।
- ईरान का दावा: ईरान के सैन्य प्रमुख अली अब्दुल्ला अलीआबादी ने कहा कि किसी भी विदेशी सेना को यहां आने की इजाज़त नहीं है और ऐसा करने पर हमला होगा।
- मिसाइल हमला: ईरान ने दावा किया कि उसने अमेरिकी नेवी के एक जहाज़ पर दो मिसाइलें दागीं, लेकिन अमेरिका ने इस बात से साफ़ इनकार कर दिया।
- नई शर्त: ईरान के संसदीय स्पीकर मोहम्मद बागेर गालिबाफ ने कहा कि अब इस रास्ते के नियम बदल चुके हैं और अमेरिका के लिए यह स्थिति बर्दाश्त करना मुश्किल होगा।
जहाजों के रास्ते बंद होने से व्यापार पर क्या असर पड़ रहा है?
समुद्री रास्ते पर इस समय ‘दोहरी नाकाबंदी’ (Dual Blockade) चल रही है। एक तरफ ईरान रास्ता रोक रहा है, तो दूसरी तरफ अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी कर रखी है। इस वजह से आम व्यापार पूरी तरह ठप हो गया है।
- शिपिंग कंपनियों का हाल: Hapag-Lloyd जैसी बड़ी कंपनी ने 5 मई 2026 को साफ़ कहा कि मौजूदा हालात में जहाजों का यहां से गुज़रना नामुमकिन है।
- बढ़ता खर्चा: सुरक्षा खतरों की वजह से जहाजों का इंश्योरेंस प्रीमियम बहुत बढ़ गया है, जिससे माल ढुलाई महंगी हो गई है।
- विशेषज्ञों की राय: तेल और शिपिंग इंडस्ट्री के जानकारों का कहना है कि जब तक अमेरिका, इसराइल और ईरान के बीच बातचीत से समझौता नहीं होता, तब तक सामान्य व्यापार शुरू नहीं होगा।
इतिहास में और कौन सी बड़ी समुद्री नाकाबंदी हुई हैं?
इतिहास में कई बार देशों ने एक-दूसरे की सप्लाई रोकने के लिए समुद्र के रास्तों को बंद किया है। Al Jazeera की रिपोर्ट के मुताबिक कुछ बड़े उदाहरण ये हैं:
- प्रथम विश्व युद्ध: ब्रिटेन और फ्रांस ने पूर्वी भूमध्य सागर की नाकाबंदी की थी, जिससे लेबनान और सीरिया में भारी अकाल पड़ा था।
- क्यूबा मिसाइल संकट (1962): अमेरिका ने सोवियत जहाजों को मिसाइलें पहुंचाने से रोकने के लिए क्यूबा की नाकाबंदी की थी।
- भारत-पाकिस्तान युद्ध (1971): भारतीय नेवी ने पूर्वी पाकिस्तान के बंदरगाहों की पूरी तरह नाकाबंदी कर दी थी, जिससे उनकी सप्लाई लाइन टूट गई थी।
- गाज़ा नाकाबंदी: 2007 से इसराइल ने गाज़ा की समुद्री और ज़मीनी नाकाबंदी कर रखी है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Strait of Hormuz में अभी क्या स्थिति है?
यहां अमेरिका और ईरान के बीच तनाव है। अमेरिका ने रास्ता खोलने के लिए ‘Project Freedom’ शुरू किया है, जबकि ईरान ने इसे अपने नियंत्रण में रखा है और विदेशी सेनाओं को चेतावनी दी है।
क्या व्यापारिक जहाजों का वहां से निकलना संभव है?
फिलहाल व्यापारिक ट्रैफिक बहुत कम है। Hapag-Lloyd जैसी कंपनियों ने इसे नामुमकिन बताया है क्योंकि इंश्योरेंस बहुत महंगा हो गया है और हमले का खतरा बना हुआ है।