Strait of Hormuz: होर्मुज जलडमरूमध्य कभी नहीं लौटेगा पुरानी स्थिति में, ईरान के बड़े अधिकारी का बड़ा बयान

होरमुज जलडमरूमध्य को लेकर ईरान की तरफ से एक बहुत बड़ी और कड़ी बात सामने आई है, जिससे पूरी दुनिया में हलचल मच गई है। ईरान की संसद के उप-अध्यक्ष Ali Nikzad ने साफ कर दिया है कि यह समुद्री रास्ता अब अपनी पुरानी स्थिति में कभी वापस नहीं लौटेगा। हाल ही में हुए संघर्ष के दौरान इस बात को दुश्मन देशों को बहुत स्पष्ट रूप से समझा दिया गया था। मार्च 2026 से ही यह जलडमरूमध्य कमर्शियल जहाजों के आने-जाने के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है। ईरान इस रास्ते पर अपना नियंत्रण बनाए हुए है और यहां से गुजरने वाले जहाजों पर टोल वसूलने की तैयारी कर रहा है। इस पूरी स्थिति का असर खाड़ी देशों में काम करने वाले प्रवासियों और वहां की अर्थव्यवस्था पर भी पड़ रहा है, जिससे आम लोगों की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं।
ईरान की कड़ी शर्तें और अमेरिका पर निशाना
इस रास्ते को दोबारा खोलने के लिए ईरानी अधिकारियों ने बहुत कड़ी शर्तें रखी हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmail Baghaei ने कहा है कि जब तक अमेरिका ईरान पर लगी अपनी नाकाबंदी को पूरी तरह खत्म नहीं करता, तब तक इस रास्ते को नहीं खोला जाएगा। सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद (SNSC) ने भी यही बात दोहराई है कि अमेरिका को अपना व्यवहार सुधारना होगा। 9 अगस्त को SNSC के पूर्व सचिव Mohammad Bagher Zolghadr ने कुछ विशेष मांगें रखी थीं। इन मांगों में ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई और धमकियों को रोकना, अमेरिकी नौसेना और वायु सेना को वहां से हटाना, युद्ध के नुकसान की भरपाई करना, अमेरिकी प्रतिबंधों को हटाना, ईरान की जमी हुई संपत्ति को वापस करना और ईरान तथा उसके क्षेत्रीय सहयोगियों के साथ युद्ध को हमेशा के लिए समाप्त करना शामिल है।
ओमान के साथ बातचीत और क्रूड ऑयल के दामों में उछाल
इन तमाम सख्त शर्तों और तनाव के बीच, ईरानी विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने 9 अगस्त को यह पुष्टि की कि होर्मुज में नए शिपिंग रूट तय करने को लेकर ओमान के साथ समझौता अपने अंतिम चरण में है। हालांकि, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि अकेले इस समझौते से रास्ता नहीं खुलेगा। दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने 10 अगस्त को कहा कि अमेरिका अभी केवल आंशिक रूप से बातचीत कर रहा है और अपना आर्थिक दबाव जारी रखेगा। अमेरिकी सेंट्रल कमांड की रिपोर्ट के अनुसार, 9 अगस्त तक अमेरिकी बलों ने 55 कमर्शियल जहाजों का रास्ता बदला और 2 जहाजों को निष्क्रिय कर दिया। लगातार हो रहे हमलों के कारण, जिसमें संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE के एक जहाज पर मिसाइल हमला और मार्च के बाद से 15 ADNOC जहाजों को निशाना बनाया जाना शामिल है, कच्चे तेल यानी क्रूड ऑयल की कीमतों में भारी उछाल आया है। इस बीच, प्रशासनिक बदलाव के तहत 9 अगस्त को Mohsen Rezaee को Mohammad Bagher Zolghadr की जगह नया SNSC सचिव नियुक्त किया गया है।