सीरिया की राजधानी दमिश्क में हुए खतरनाक बम धमाकों के मामले में सुरक्षा बलों को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने उन सभी लोगों को गिरफ्तार कर लिया है जिन्होंने इस हमले को अंजाम दिया था। शुरुआती जांच में इस पूरे खेल के पीछे आतंकी संगठन ISIS का हाथ होने का शक है।
यह हमला 7 जुलाई को हुआ था, जिसमें दो जगहों पर बम फोड़े गए थे। एक बम Four Seasons होटल के पास और दूसरा पर्यटन मंत्रालय के पास फटा था। सीरियाई स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई और 36 लोग घायल हुए। यह हमला तब हुआ जब फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron सीरिया के राष्ट्रपति Ahmed al-Sharaa से मिलने आए हुए थे, हालांकि राष्ट्रपति Macron पूरी तरह सुरक्षित रहे।
सीरिया के आंतरिक मंत्री Anas Khattab ने पुष्टि की कि पूरा सेल अब पुलिस की हिरासत में है। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद आरोपियों की पहचान और उनके संगठन के बारे में पूरी जानकारी दी जाएगी। वहीं, आंतरिक सुरक्षा प्रमुख Brig. Gen. Ahmad al-Dalati ने बताया कि शुरुआती सबूतों से यह ISIS (Daesh) का काम लग रहा है, हालांकि अभी तक किसी भी आतंकी गुट ने आधिकारिक तौर पर इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।
सुरक्षा बलों ने सीसीटीवी फुटेज के जरिए एक सदस्य की पहचान की, जिससे बाकी साथियों तक पहुंचने में मदद मिली। इसके बाद इंटीरियर मिनिस्ट्री और जनरल इंटेलिजेंस सर्विस ने एक बड़ा ऑपरेशन चलाया। इसके तहत दमिश्क और आसपास के इलाकों जैसे Al-Qutayfah, Sayyidah Zainab, Qudsaya और Ash al-Warwar में एक साथ छापे मारे गए। इन छापों के दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में हथियार, विस्फोटक और सुसाइड वेस्ट बरामद किए।
इस कार्रवाई के बाद UAE ने भी सीरिया के प्रति अपनी एकजुटता दिखाई है। 10 जुलाई को UAE के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा कि वह सीरिया के साथ खड़ा है। UAE ने आतंकी सेल को खत्म करने के लिए सीरियाई सुरक्षा अधिकारियों की सतर्कता और उनकी कुशलता की तारीफ भी की।
