UAE में ईरान की तरफ से हुए मिसाइल और ड्रोन हमलों ने पूरे इलाके में तनाव बढ़ा दिया है। इस हमले के बाद अब सीरिया ने भी अपनी आवाज़ उठाई है और यूएई के साथ खड़े होने की बात कही है। सीरिया ने इन हमलों को गलत बताते हुए अंतरराष्ट्रीय नियमों का पालन करने की मांग की है।

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सीरिया ने यूएई के साथ एकजुटता क्यों जताई?

सीरिया के विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी किया है, जिसे Syrian Arab News Agency (SANA) ने छापा। सीरिया ने कहा कि ईरान ने यूएई के नागरिक इलाकों और सुविधाओं को मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया, जो कि पूरी तरह गलत है। सीरिया ने साफ किया कि वह यूएई के साथ खड़ा है और किसी भी ऐसी हरकत का विरोध करता है जिससे इलाके की शांति और सुरक्षा को खतरा हो। सीरिया ने सभी देशों से अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र के चार्टर का सम्मान करने को कहा है, ताकि देशों की संप्रभुता बनी रहे।

ईरान के हमलों में कितना नुकसान हुआ और अन्य देशों का क्या कहना है?

जानकारी के मुताबिक, 4 और 5 मई 2026 को ईरान की तरफ से यूएई पर हमले हुए। 4 मई को यूएई ने बताया कि उस पर 12 बैलिस्टिक मिसाइल, 3 क्रूज मिसाइल और 4 ड्रोन से हमला हुआ। इसकी वजह से Fujairah Oil Industry Zone में आग लग गई और तीन लोग घायल हुए। इन हमलों की कड़ी निंदा केवल सीरिया ने ही नहीं, बल्कि भारत, सऊदी अरब, कतर, बहरीन, जॉर्डन और मिस्र ने भी की है। अरब इंटीरियर मिनिस्टर्स काउंसिल ने भी ईरान की इन हरकतों की कड़ी आलोचना की है।

यूएई और ईरान ने आधिकारिक तौर पर क्या कहा?

UAE के रक्षा मंत्रालय ने कन्फर्म किया कि उनकी एयर डिफेंस सिस्टम ने आने वाली मिसाइलों और ड्रोन्स को हवा में ही रोका। यूएई के विदेश मंत्रालय ने इसे एक खतरनाक और गंभीर स्थिति बताया है और कहा कि देश की सुरक्षा के लिए जवाब देना उनका कानूनी हक है। दूसरी तरफ, ईरान की Khatam al-Anbiya मिलिट्री कमांड ने हमलों से इनकार किया है, लेकिन चेतावनी दी है कि अगर यूएई ने कोई कदम उठाया तो उसका जवाब बहुत सख्त होगा। ईरानी मीडिया का दावा है कि ये हमले अनजाने में हुए और इसके पीछे अमेरिकी सेना का हाथ है।

Frequently Asked Questions (FAQs)

ईरान ने यूएई पर कब और कैसे हमला किया?

ईरान ने 4 और 5 मई 2026 को मिसाइलों और ड्रोन के जरिए यूएई के नागरिक ठिकानों पर हमला किया, जिसमें 12 बैलिस्टिक और 3 क्रूज मिसाइलों का इस्तेमाल हुआ।

इन हमलों पर भारत और अन्य देशों की क्या प्रतिक्रिया रही?

भारत, सऊदी अरब, कतर और मिस्र समेत कई देशों ने इन हमलों की निंदा की और यूएई के साथ अपनी एकजुटता जाहिर की।