तेहरान के पूर्वी हिस्से में 11 जुलाई 2026 को एक ज़ोरदार धमाका हुआ, जिससे आसपास के इलाकों में खलबली मच गई। Pakdasht और Qiyamdasht शहर के रहने वाले लोगों ने इस धमाके की आवाज़ सुनी और काफी घबरा गए। शुरुआत में इस धमाके की असली वजह और जगह के बारे में कोई साफ़ जानकारी नहीं मिल पा रही थी।
बाद में ईरान के सरकारी मीडिया ने Pakdasht शहर के गवर्नर और स्थानीय अधिकारियों के हवाले से पूरी सच्चाई बताई। उन्होंने साफ़ किया कि यह कोई हादसा या हमला नहीं था, बल्कि पुराने युद्ध के समय की बची हुई गोला-बारूद (ammunition) को सुरक्षित तरीके से नष्ट करने की एक प्रक्रिया थी।
अधिकारियों ने आम जनता को भरोसा दिलाया कि इस पूरी कार्रवाई से किसी भी नागरिक को कोई खतरा नहीं था। उन्होंने कन्फर्म किया कि कोई अनहोनी नहीं हुई है। यह पूरी प्रक्रिया पहले से तय थी और इसे सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए विशेषज्ञ टीमों द्वारा पूरा किया गया।
