ईरान की राजधानी तेहरान में हालात काफी ज्यादा तनावपूर्ण हो गए हैं। ईरानी मीडिया की खबरों के अनुसार, 7 अप्रैल 2026 को मध्य तेहरान में स्थित एक सिनेगॉग (यहूदी इबादतगाह) पर मिसाइल गिरी है। बताया जा रहा है कि यह हमला अमेरिकी और इसराइली हथियारों द्वारा किया गया है। इस समय ईरान के तेहरान और करज जैसे शहरों में भारी धमाकों की आवाजें सुनी गई हैं और राहत बचाव की टीमें मौके पर तैनात कर दी गई हैं।
तेहरान में हमले के बाद के ताजा हालात क्या हैं?
ईरानी मीडिया आउटलेट्स और मेहर न्यूज एजेंसी ने इस हमले की जानकारी दी है। ईरान की रेड क्रेसेंट सोसाइटी (IRCS) ने कन्फर्म किया है कि तेहरान में हमले के बाद राहत और बचाव का काम शुरू कर दिया गया है। तेहरान के पास स्थित करज शहर में भी बड़े धमाकों की खबर मिली है। ईरान की सेना ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से दी गई धमकियों को काल्पनिक बताया है और अपनी तैयारी जारी रखी है।
अमेरिका और इसराइल की तरफ से क्या कार्रवाई की गई?
इस युद्ध के दूसरे महीने में प्रवेश करते ही हमलों की तीव्रता काफी बढ़ गई है। अमेरिकी और इसराइली सेना ने इस हमले को लेकर कुछ महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है:
- अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने बताया कि युद्ध शुरू होने के बाद से अब तक ईरान में 13,000 से ज्यादा ठिकानों पर हमला किया गया है।
- अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि 7 अप्रैल 2026 को ईरान पर अब तक का सबसे बड़ा हमला किया जाएगा।
- इसराइली सेना ने तेहरान और अन्य इलाकों में आतंकी ढांचे को निशाना बनाने के लिए हवाई हमलों की नई लहर शुरू की है।
- अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान को हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को फिर से खोलने की चेतावनी दी है।
- युद्ध के मैदान में तनाव कम होने के बजाय और ज्यादा बढ़ने के आसार नजर आ रहे हैं।
इस पूरी स्थिति पर दुनिया भर की नजरें टिकी हुई हैं क्योंकि यह हमला ईरान के बीचों-बीच एक धार्मिक स्थल पर हुआ है। स्थानीय प्रशासन नुकसान का जायजा ले रहा है और घायलों की मदद के लिए एम्बुलेंस सेवा को अलर्ट पर रखा गया है।
