अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने इसराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu से बातचीत की है। Trump ने उन्हें सलाह दी है कि लेबनान में केवल ‘सर्जिकल’ सैन्य कार्रवाई की जाए ताकि एक बड़ा युद्ध शुरू होने से बचा जा सके। यह खबर अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के जरिए सामने आई है और दुनिया की नजरें अब इस क्षेत्र पर टिकी हैं।
Trump ने Israel को क्या सलाह दी?
29 अप्रैल 2026 को President Trump और Benjamin Netanyahu के बीच फोन पर बात हुई। इसमें लेबनान और ईरान के मौजूदा हालात पर चर्चा की गई। Trump ने इसराइल को साफ तौर पर कहा कि उसे सिर्फ सटीक और छोटे हमलों (Surgical strikes) तक सीमित रहना चाहिए। अमेरिका चाहता है कि लेबनान के साथ मामला ज्यादा न बढ़े, क्योंकि इससे अमेरिका और ईरान के बीच 7 अप्रैल को हुए ceasefire (युद्धविराम) पर बुरा असर पड़ सकता है।
लेबनान में तबाही और मौजूदा हालात क्या हैं?
लेबनान में हालात काफी खराब हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, 2 मार्च से अब तक 2,500 से ज्यादा लोग मारे गए हैं और लगभग 8,000 लोग घायल हुए हैं। करीब 1,15,000 लोगों को अपना घर छोड़कर विस्थापित होना पड़ा। इसराइल की सेना ने लेबनान की सीमा में 10 किलोमीटर अंदर तक एक ‘येलो लाइन’ बना ली है और वहां की नागरिक इमारतों को तोड़ा जा रहा है। मार्च से अब तक 1,400 से ज्यादा बिल्डिंग्स गिराई जा चुकी हैं। 26 अप्रैल को एक ही दिन में 14 लोगों की मौत हुई थी जो ceasefire के बाद का सबसे घातक दिन था।
लेबनान सरकार और UN की इस पर क्या प्रतिक्रिया है?
लेबनान के राष्ट्रपति Joseph Aoun ने स्पष्ट किया है कि जब तक इसराइल पूरी तरह से ceasefire का पालन नहीं करता, तब तक कोई सीधी बातचीत नहीं होगी। उन्होंने इसराइल के हमलों को पूरी तरह नामंजूर बताया है। वहीं UN के एक्सपर्ट्स ने लेबनान में हो रही भारी बमबारी को UN चार्टर का खुला उल्लंघन कहा है। International Bar Association (IBAHRI) ने भी अंतरराष्ट्रीय कानूनों और मानवाधिकारों के उल्लंघन पर गहरी चिंता जताई है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Trump ने इसराइल को लेबनान के मामले में क्या कहा?
Trump ने प्रधानमंत्री Netanyahu को सलाह दी कि इसराइल केवल ‘सर्जिकल’ सैन्य कार्रवाई करे और पूर्ण युद्ध की स्थिति से बचे।
लेबनान में अब तक कितना नुकसान हुआ है?
2 मार्च से अब तक 2,500 से अधिक लोग मारे गए हैं, 8,000 घायल हुए हैं और 1,15,000 से ज्यादा लोग बेघर हुए हैं।