अमेरिका में राष्ट्रपति Donald Trump की लोकप्रियता उनके दूसरे कार्यकाल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है। Reuters और Ipsos के एक नए सर्वे के मुताबिक, ईरान के साथ चल रहे युद्ध और ईंधन की बढ़ती कीमतों की वजह से जनता में नाराजगी बढ़ रही है। सर्वे के आंकड़ों से पता चला है कि अब आम अमेरिकी नागरिक युद्ध के समर्थन से पीछे हट रहे हैं, जिसका सीधा असर राष्ट्रपति की अप्रूवल रेटिंग पर पड़ा है।
रेटिंग गिरने के पीछे क्या हैं मुख्य कारण?
- ईरान के साथ बढ़ते तनाव और युद्ध की स्थिति से जनता के बीच असुरक्षा की भावना पैदा हुई है
- ईंधन यानी पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बेतहाशा बढ़ोतरी से अमेरिका में महंगाई बढ़ गई है
- Reuters/Ipsos के हालिया आंकड़ों के मुताबिक Trump की रेटिंग 39% के आसपास पहुंच गई है
- युद्ध के प्रति जनता का समर्थन लगातार कम हो रहा है, जिससे सरकार पर दबाव बढ़ रहा है
आम जनता और अर्थव्यवस्था पर क्या असर होगा?
ईंधन की कीमतों में उछाल का असर सिर्फ अमेरिका तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर ग्लोबल मार्केट पर भी पड़ता है। खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों और भारत जैसे देशों के लिए भी यह चिंता का विषय है क्योंकि तेल महंगा होने से ट्रांसपोर्टेशन और अन्य जरूरी चीजों के दाम बढ़ जाते हैं। अमेरिका में युद्ध विरोधी प्रदर्शनों के बीच सरकार के लिए आने वाले दिन काफी चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं क्योंकि लोगों का ध्यान अब युद्ध के बजाय घरेलू खर्चों और आर्थिक स्थिति पर ज्यादा है।
